देश की खबरें | केंद्र सरकार तीन संयुक्त सचिवों, 14 निदेशकों व उप सचिवों की भर्ती निजी क्षेत्र से करेगी

नयी दिल्ली, एक जून केंद्र सरकार ने 17 वरिष्ठ अधिकारियों की भर्ती ‘लेटरल एंट्री’ के जरिये करने का फैसला किया है जिनमें तीन उप सचिव और 14 निदेशक व उप सचिव शामिल हैं। यह जानकारी बृहस्पतिवार को जारी एक आधिकारिक विज्ञप्ति में दी गई।

कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (डीओपीटी) ने संघ लोकसेवा आयोग (यूपीएससी) को इन वरिष्ठ अधिकारियों को निजी क्षेत्र से चुनकर छह विभागों में तैनात करने को कहा है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सरकार ने वर्ष 2018 में ‘लेटरल एंट्री’ की पहल की थी और इस तरह की यह चौथी भर्ती होगी जिसका प्रस्ताव किया गया है। ‘लेटरल एंट्री’ का अभिप्राय निजी क्षेत्र के विशेषज्ञों को सरकारी विभागों में नियुक्ति से है ताकि नयी प्रतिभाओं को लाया जा सके और मानव संसाधन का उचित उपयोग किया जा सके।

आमतौर पर संयुक्त सचिव, निदेशक और उप सचिवों के पदों पर अखिल भारतीय सेवा के अधिकारियों और ‘ए’ श्रेणी के अधिकारियों को नियुक्त किया जाता है।

कार्मिक मंत्रालय द्वारा जारी विज्ञप्ति में नयी भर्ती स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अंतर्गत कार्यरत स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, ऊर्जा मंत्रालय, ग्रामीण विकास मंत्रालय के अंतर्गत ग्रामीण विकास विभाग, कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय,वित्तमंत्रालय के अंतर्गत कार्यरत वित्तीय सेवाएं विभाग और साख्ंयिकी एवं कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय में की जाएगी।

प्रस्तावित नयी भर्ती 20 मई को यूपीएससी द्वारा ‘लेटरल एंट्री’ के लिए जारी विज्ञापन में उल्लेखित पदों के अतिरिक्त होगी। यूपीएससी ने पिछले महीने 20 विशेषज्ञों की भर्ती के लिए विज्ञापन निकाला था जिनमें से चार पद संयुक्त सचिव के और बाकी 16 पद निदेशक और उप सचिव के थे।

बयान के मुताबिक नवीनतम पदों के लिए विज्ञापन और उम्मीदवारों के लिए निर्देश यूपीएससी की वेबसाइट पर तीन जून को अपलोड की जाएगी। इच्छुक उम्मीदवार तीन जून से तीन जुलाई तक आवेदन कर सकते हैं।

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