देश की खबरें | तेजस्वी सूर्या ने एचएएल के स्वदेशी बुनियादी प्रशिक्षण विमान में उड़ान भरी

बेंगलुरु, 13 फरवरी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसद तेजस्वी सूर्या ने यहां जारी ‘एयरो इंडिया-2025’ के दौरान भारत के स्वदेशी बुनियादी प्रशिक्षण विमान एचटीटी-40 में बृहस्पतिवार को उड़ान भरी।

सूर्या ने ‘हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड’ (एचएएल) द्वारा डिजाइन और निर्मित विमान में 30 मिनट तक सवारी की।

भाजपा सांसद ने मीडिया से बातचीत में एचएएल की सराहना की और इसे बेंगलुरु एवं भारत का गौरव तथा भारत की वैमानिकी प्रगति का प्रतीक बताया।

उन्होंने कहा, “आज मुझे हमारे अपने एचएएल द्वारा निर्मित एचटीटी 40 में उड़ान भरने का अवसर मिला। एचएएल भारत का गौरव है। यह बेंगलुरु का गौरव है।”

उनके अनुसार, इस विशेष विमान की एक बहुत ही रोचक व महत्वपूर्ण कहानी है, एक विरासत है, राष्ट्र की प्रगति व राष्ट्रीय सुरक्षा में रुचि रखने वाले भारत के लोगों के लिए एक प्रेरणा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि 2012 में संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार ने एक स्विस कंपनी से प्रशिक्षण विमान खरीदने का ऑर्डर दिया और पिलाटस विमान खरीदे।

उन्होंने कहा, "यह खरीद सवालों के घेरे में रही और 2019 में सीबीआई जांच से साबित हुआ कि इसमें बिचौलियों की संलिप्तता थी। एचएएल जैसी भारतीय कंपनियों को प्रमुखता नहीं दी गई और लेन-देन गैर-पारदर्शी था। जांच के कारण इस स्विस कंपनी को काली सूची में डाल दिया गया। पूरी प्रक्रिया के कारण स्वदेशी प्रशिक्षण विमान निर्माण परियोजना को काफी नुकसान हुआ। परियोजना लगभग बंद हो गई थी।"

बेंगलुरू दक्षिण से सांसद ने कहा कि 2014 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सत्ता में आने के बाद, तत्कालीन रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर के अथक प्रयासों से एचएएल को स्वदेशी बुनियादी प्रशिक्षण विमान का विनिर्माण पुनः शुरू करने के लिए आवश्यक प्रोत्साहन, वित्तीय सहायता व प्रशासनिक मदद दी गई।

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