जरुरी जानकारी | प्रवर्तक कलानिधि का बचाव में आया सन टीवी, आरोपों को खारिज किया

नयी दिल्ली, 20 जून पूर्व केंद्रीय मंत्री दयानिधि मारन की तरफ से लगे 'फर्जीवाड़े' और 'खराब संचालन' के आरोपों के बीच उनके बड़े भाई कलानिधि मारन द्वारा संचालित सन टीवी ने शुक्रवार को कहा कि प्रवर्तक परिवार के बीच 22 साल पहले किया गया बंटवारा सभी कानूनी दायित्वों अनुरूप था।

सन टीवी नेटवर्क ने अपने प्रवर्तक कलानिधि का बचाव करते हुए शेयर बाजार को दी एक सूचना में कहा कि कंपनी का सार्वजनिक निर्गम आने से पहले संबंधित मध्यवर्तियों ने दोनों भाइयों के बीच समझौतों की विधिवत जांच की थी।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, दयानिधि ने अपने भाई और कई अन्य लोगों को कानूनी नोटिस भेजा है, जिसमें उन पर 2003 में पिता मुरासोली मारन के निधन के बाद सन टीवी का नियंत्रण अपने पास लेने में ‘धोखाधड़ीपूर्ण व्यवहार’ और ‘खराब संचालन’ का आरोप लगाया गया है।

द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) से लोकसभा सदस्य दयानिधि ने कंपनी की शेयरधारिता संरचना को सितंबर, 2003 से पहले की स्थिति में बहाल करने की मांग की है।

सन टीवी नेटवर्क के निदेशक मंडल की कमान कार्यकारी निदेशक एवं चेयरमैन के तौर पर कलानिधि के पास है। उनकी बेटी काव्या कलानिधि मारन भी इस कंपनी के निदेशक मंडल में शामिल हैं। प्रवर्तक के तौर पर कलानिधि के पास सन टीवी नेटवर्क में 75 प्रतिशत हिस्सेदारी है।

सन टीवी नेटवर्क ने शेयर बाजार को दी सूचना में कहा, "कथित मामला 22 साल पुराना है जब कंपनी एक प्राइवेट लिमिटेड कंपनी थी।"

मीडिया कंपनी ने अपने प्रवर्तक कलानिधि का बचाव करते हुए कहा, "लेखों में कथित रूप से दिए गए बयान गलत, भ्रामक, अटकलपूर्ण, मानहानिकारक हैं और तथ्यों या कानून द्वारा समर्थित नहीं हैं"।

इसने कहा, "हम यह सूचित करना चाहते हैं कि सभी कार्य कानूनी दायित्वों के अनुसार किए गए हैं और कंपनी के सार्वजनिक निर्गम से पहले संबंधित मध्यस्थों द्वारा विधिवत जांच की गई थी।"

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