Bihar Economic Survey: बिहार विधानसभा में आर्थिक सर्वेक्षण पेश, चावल-गेहूं-मक्का के उत्पादन में वृद्धि
(Photo Credits WC)

Bihar Economic Survey Tabled in Assembly: बिहार विधानमंडल में सोमवार को बजट सत्र के पहले दिन वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने नीतीश सरकार की ओर से बिहार विधानसभा में वर्ष 2025-26 का आर्थिक सर्वेक्षण प्रस्तुत किया. आर्थिक सर्वेक्षण में बिहार के विकास की रफ्तार को दर्शाया गया है. आर्थिक सर्वेक्षण में जहां फसल के उत्पादन में वृद्धि का दावा किया गया है, वहीं प्रति व्यक्ति सकल घरेलू उत्पाद में भी बढ़ोतरी बताई गई है.सर्वे के आंकड़ों के मुताबिक, बिहार में प्रति व्यक्ति सकल राज्य घरेलू उत्पाद वर्तमान मूल्य पर 2020-21 के 46,412 रुपए से बढ़कर 2024-25 में 76,490 रुपए पहुंच गया, जो लगातार बढ़त के रुझान का संकेत देता है.

वर्ष 2011-12 के स्थिर मूल्य पर प्रति व्यक्ति सकल राज्य घरेलू उत्पाद 2020-21 के 30,159 रुपए से बढ़कर 2024-25 में 40,973 रुपए हो गया है. आर्थिक सर्वेक्षण में बिहार में पटना जिले में सर्वाधिक सकल जिला घरेलू उत्पाद (जीडीडीपी) दर्ज हुआ और उसके बाद बेगूसराय तथा मुंगेर जिलों का नाम है. वर्तमान मूल्य पर प्रति व्यक्ति सकल जिला घरेलू उत्पाद पटना के लिए 2,41,220 रुपये, बेगूसराय के लिए 1,05,600 रुपये तथा मुंगेर के लिए 93,921 रुपये रहा. यह भी पढ़े:  Union Budget 2026: केंद्रीय बजट से यूपी को नई मजबूती, ‘शी-मार्ट’ के जरिए उद्यमी बनेंगी ग्रामीण महिलाएं

आर्थिक सर्वेक्षण में दावा किया गया है कि वर्ष 2023-24 में बिहार के कुल अनाज उत्पादन में चावल, गेहूं और मक्का का संयुक्त रूप से 99.9 प्रतिशत योगदान था। वर्ष 2024-25 में कुल अनाज उत्पादन में चावल का 40.7 प्रतिशत, गेहूं का 32.1 प्रतिशत और मक्का का 27.1 प्रतिशत हिस्सा था. वर्ष 2023-24 से 2024-25 के बीच चावल का 4.3 प्रतिशत, गेहूं का 7.1 प्रतिशत और मक्का का 12.6 प्रतिशत उत्पादन बढ़ा है। दावा किया गया है कि दूध, अंडे और मछली के उत्पादन में भी वृद्धि हुई है.

वर्ष 2023-24 और 2024-25 के बीच दूध का 4.2 प्रतिशत, अंडे का 10.0 प्रतिशत और मछली का 9.9 प्रतिशत उत्पादन बढ़ा है। बिहार आर्थिक सर्वेक्षण पेश करने के बाद वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने दावा किया कि राज्य वृहद आर्थिक स्थिरता, क्षेत्रगत विविधीकरण, बढ़े निवेश और मानव पूंजी विकास, रोजगार सृजन तथा लगातार अवसंरचना वृद्धि के सहयोग से उच्च विकास दर के साथ प्रगति कर रहा है.

यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का संकल्प है कि अगले पांच वर्षों में बिहार को विकसित राज्य बनाया जाए."संपन्न बिहार, समृद्ध बिहार" के लक्ष्य की दिशा में सरकार तेजी से काम कर रही है.