होशियारपुर/फिरोजपुर/लुधियाना(पंजाब), 27 जून पंजाब परिवहन और पेप्सू सड़क परिवहन निगम (पीआरटीसी) में अनुबंध पर काम करने वाले कर्मचारी अपनी वेतन वृद्धि समेत अन्य मांगों को लेकर मंगलवार को दो दिवसीय हड़ताल पर चले गए जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
हड़ताल की वजह से संगरूर, लुधियाना, मोगा, मुक्तसर, अमृतसर, फिरोजपुर, होशियारपुर और पटियाला समेत कई जगहों पर बड़ी संख्या में यात्री बस स्टैंड पर खड़े दिखे।
‘पंजाब परिवहन, पनबस, पीआरटीसी कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन’ के सचिव गुरविंदर सिंह ने कहा कि राज्य में सभी 27 बस स्टैंड पर धरना दिया जा रहा है।
अनुबंध पर कार्य कर रहे कर्मचारी राज्य सरकार से अपने वार्षिक वेतन में पांच प्रतिशत की बढ़ोतरी की मांग कर रहे हैं। सिंह ने कहा कि राज्य सरकार ने हमसे बढ़ोतरी का वादा किया था लेकिन अभी तक इसे लागू नहीं किया है।
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने काले झंडे लहराते हुए राज्य सरकार के खिलाफ नारे लगाए और चेतावनी दी कि मांगें पूरी ना होने पर विरोध प्रदर्शन तेज किया जाएगा।
लुधियाना में यूनियन के महासचिव गुरप्रीत सिंह ने बताया कि हड़ताल में करीब 7,000 कर्मचारी भाग ले रहे हैं। केवल स्थायी कर्मचारियों ने राज्य सरकार द्वारा संचालित परिवहन सेवाओं में कार्य किया। स्थानीय बस स्टैंड के मुख्य द्वार पर तकरीबन 200 प्रदर्शनकारियों ने धरना दिया और रैली निकाली।
हड़ताल से यात्रियों को असुविधा हो रही है। अधिकतर यात्रियों को हड़ताल की जानकारी नहीं थी।
संगरूर में बस स्टैंड पर खड़े एक यात्री ने कहा कि वह पिछले 25 मिनट से सरकारी बस का इंतजार कर रहा है लेकिन ''एक भी बस नहीं आई।''
महिलाएं जो मुफ्त योजना के चलते अधिकतर सरकारी बसों में सफर करती हैं, उन्हें निजी वाहनों से सफर करना पड़ा।
लुधियाना में एक महिला यात्री ने कहा कि वह जालंधर जाने के लिए बस का इंतजार कर रही है लेकिन एक भी बस नहीं आई।
होशियारपुर में राजिंदर कौर(40) अपने पति और बच्चे के साथ डिपो पर चंडीगढ़ जाने के लिए बस का इंतजार कर रही थी । उन्होंने कहा कि वह दसुया से निजी बस में इस उम्मीद के साथ आई थी की सरकारी बस मिल जाएगी।
कौर ने कहा कि दो घंटे हो गए इंतजार करते हुए लेकिन चंडीगढ़ के लिए कोई सरकारी बस नहीं आई।
फिरोजपुर में भीम प्रकाश(70) और उनकी पत्नी(63) फाजिल्का से आए थे और बस का इंतजार कर रहे थे। उन्हें अपने बच्चों से मिलने राजस्थान के कोटा जाना था।
प्रकाश ने कहा,''हमें आज की हड़ताल के बारे में जानकारी नहीं थी। अब हम फिरोजपुर में फंस गए हैं। चिलचिलाती गर्मी और उमस भी हमारी परेशानी बढ़ा रही है।''
हर रोज जिरा से फिरोजपुर जाने वाली जतिंदर कौर (32) ने कहा कि वे लगभग एक घंटे से इंतजार कर रही हैं लेकिन एक भी सरकारी बस नहीं आई।
फिरोजपुर में यूनियन प्रतिनिधि जतिंदर सिंह ने कहा कि हमने एक महीने पहले सरकार को चेतावनी दी थी लेकिन उसका सरकार पर कोई असर नहीं हुआ।
अभिषेक
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