नयी दिल्ली, 28 अगस्त रिटेलर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (आरएआई) ने दिल्ली सरकार से जी20 शिखर सम्मेलन के मद्देनजर 8-10 सितंबर तक खुदरा दुकानों, मॉल और रेस्तरां के लिए पूर्ण बंदी के फैसले पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया है।
आरएआई ने सोमवार को बयान में जी20 शिखर सम्मेलन के दौरान खुदरा स्टोर, मॉल और रेस्तरांओं को पूर्ण रूप से बंद रखने के फैसले पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यह कदम अंतरराष्ट्रीय आगंतुकों को भारत के अद्वितीय खरीदारी और खानपान के अनुभव से वंचित कर देगा।
आरएआई के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) कुमार राजगोपालन ने कहा, ‘‘खुदरा व्यापार, दिल्ली की सांस्कृतिक पहचान का अभिन्न अंग है। जी20 शिखर सम्मेलन के दौरान खुदरा और खाद्य तथा पेय पदार्थ प्रतिष्ठानों को पूरी तरह से बंद करने से अंतरराष्ट्रीय पर्यटक भारत के अद्वितीय खरीदारी और खानपान के अनुभव करने से वंचित हो जाएंगे।’’
उन्होंने दिल्ली सरकार से ‘‘मेक इन इंडिया’ के साथ तालमेल कर 'सेल इन इंडिया' पहल को बढ़ावा देने के लिए कम से कम आंशिक खुदरा परिचालन करने की अनुमति देने को कहा।’’
खुदरा उद्योग निकाय ने कहा कि तीन दिन की पूर्ण बंदी खुदरा क्षेत्र को आर्थिक रूप से काफी प्रभावित करेगी, जिससे कई कर्मचारियों और उनके परिवारों की आजीविका खतरे में पड़ सकती है।
निकाय ने कहा, ‘‘दिल्ली एक समृद्ध खानपान विरासत का दावा करती है। बाजार बंद होने से आगंतुक प्रामाणिक भारतीय व्यंजनों का स्वाद लेने के अवसर से वंचित हो जाएंगे।
पिछले सप्ताह दिल्ली सरकार ने जी20 शिखर सम्मेलन के मद्देनजर नई दिल्ली जिले में बैंकों, वित्तीय संस्थानों और वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को बंद करने के साथ 8-10 सितंबर को राष्ट्रीय राजधानी में सार्वजनिक अवकाश की घोषणा की थी।
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