चंडीगढ़, 24 मई पंजाब को देश में स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन में अग्रणी राज्य बनाने के लिए राज्य सरकार जल्द ही हरित हाइड्रोजन नीति लाएगी। नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा स्रोत मंत्री अमन अरोड़ा ने बुधवार को यह जानकारी दी।
अरोड़ा ने एक राष्ट्रीय ऊर्जा सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘वर्ष 2030 तक नवीकरणीय ऊर्जा की हिस्सेदारी को 30 प्रतिशत तक बढ़ाने के लिए भी ठोस प्रयास किए जा रहे हैं।’’
अरोड़ा ने कहा कि पृथ्वी को बचाने के लिए पारंपरिक बिजली उत्पादन से नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों की ओर जाने का सही समय है।
अरोड़ा के हवाले से एक सरकारी बयान में कहा गया है कि लगभग 3,200 मेगावाट क्षमता की नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाएं स्थापित की गई हैं। इनमें 2,000 मेगावाट क्षमता के सौर संयंत्र शामिल हैं। यह पंजाब में कुल स्थापित बिजली क्षमता का लगभग 21 प्रतिशत है।
उन्होंने कहा कि कुल बिजली उत्पादन में नवीकरणीय ऊर्जा का हिस्सा वर्ष 2030 तक 30 प्रतिशत तक बढ़ाया जाएगा।
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