देश की खबरें | प्रधानमंत्री ने छत्तीसगढ़ में 34,427 करोड़ रूपये की 10 विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण और शिलान्यास

रायपुर, 24 फरवरी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ‘विकसित भारत विकसित छत्तीसगढ़ संकल्प यात्रा’ कार्यक्रम के दौरान छत्तीसगढ़ में 34 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा की 10 विकास परियोजनाओं का शनिवार को डिजिटल माध्यम से लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।

प्रधानमंत्री मोदी आज राजधानी रायपुर के बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में आयोजित ‘विकसित भारत संकल्प यात्रा’ कार्यक्रम में वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से शामिल हुए।

उन्होंने इस दौरान छत्तीसगढ़ वासियों को 34 हजार 427 करोड़ रुपये की 10 परियोजनाओं का लोकार्पण-शिलान्यास कर विकास कार्यों की बड़ी सौगात दी।

इसमें 18 हजार 897 करोड़ रुपये की लागत वाली नौ परियोजनाओं का लोकार्पण तथा 15 हजार 530 करोड़ रुपये की एक परियोजना का शिलान्यास शामिल है।

इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने कहा कि देश के विकास में छत्तीसगढ़ का विशेष योगदान है तथा विकसित छत्तीसगढ़ से ही विकसित भारत का सपना पूरा होगा।

प्रधानमंत्री ने कहा, “ छत्तीसगढ़ के पास परिश्रमी किसान हैं। प्रतिभाशाली नौजवान हैं और प्रकृति का खजाना है। इसके विकसित होने की सारी संभावना मौजूद हैं।”

उन्होंने कहा, “आज छत्तीसगढ़ के विकास से जुड़ी लगभग 35 हजार करोड़ रुपये की परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण हुआ है। इनमें कोयले से जुड़े, सौर ऊर्जा से जुड़े और कनेक्टिविटी से जुड़ी अनेक परियोजनाएं हैं। इनसे छत्तीसगढ़ के युवाओं के लिए रोजगार के नये अवसर बनेंगे।”

राज्य के अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री ने कार्यक्रम में कोयला मंत्रालय के अंतर्गत रायगढ़ क्षेत्र में 173.46 करोड़ रुपये की ‘ओपन कास्ट परियोजना’ (ओसीपी) छाल कोल हैंडलिंग संयंत्र, दीपका क्षेत्र में 211.22 करोड़ रुपये की लागत के दीपका ओसीपी कोल हैंडलिंग संयंत्र, रायगढ़ क्षेत्र में 216.53 करोड़ रुपये की लागत के ओसीपी बरौद कोल हैंडलिंग संयंत्र का लोकार्पण किया।

तीनों परियोजनाओं से ‘रैपिड लोडिंग सिस्टम’ (त्वरित लदान प्रणाली) के माध्यम से लदान के समय में कमी आएगी और ग्रीन हाउस गैस उत्सर्जन कम होगा।

अधिकारियों ने बताया कि मोदी ने इसके साथ ही नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के अंतर्गत 907 करोड़ रुपये की लागत से राजनांदगांव जिले के नौ गांवों के 451 एकड़ क्षेत्र में निर्मित 100 मेगावाट एसी/155 मेगावाट डीसी सौर ऊर्जा परियोजना का लोकार्पण किया।

उन्होंने बताया कि मोदी ने सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के अंतर्गत 1,007 करोड़ रुपये की दो परियोजनाओं-अंबिकापुर से शिवनगर तक 52.40 किलोमीटर लंबाई की सड़क और बनारी से मसनियाकला तक 55.65 किलोमीटर लंबी सड़क (राष्ट्रीय राजमार्ग-49) का लोकार्पण किया।

प्रधानमंत्री ने ऊर्जा मंत्रालय के अंतर्गत 15,799 करोड़ रुपये की परियोजना- ‘लारा सुपर क्रिटिकल थर्मल पॉवर संयंत्र-चरण एक’ का लोकार्पण भी किया। यह परियोजना छत्तीसगढ़ राज्य के रायगढ़ जिले में स्थित है और ‘सुपरक्रिटिकल’ (सुपरक्रिटिकल बिजली संयंत्र पानी के महत्वपूर्ण बिंदु से ऊपर के तापमान और दबाव पर काम करते हैं) प्रौद्योगिकी पर आधारित हैं।

अधिकारियों ने बताया कि साथ ही मोदी ने रेल मंत्रालय के अंतर्गत 583 करोड़ रुपये की दो परियोजनाओं का लोकार्पण किया जिसमें 280 करोड़ रुपये की लागत वाला भिलाई में 50 मेगावाट सौर ऊर्जा संयंत्र और 303 करोड़ रुपये की लागत वाला बिलासपुर-उसलापुर फ्लाईओवर का लोकार्पण शामिल है। सौर ऊर्जा संयंत्र की स्थापना से रेलगाड़ियां चलाने के लिए सौर ऊर्जा का उपयोग किया जा सकेगा और हरित ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा। सौर ऊर्जा संयंत्र की स्थापना से रेलगाड़ियां चलाने के लिए सौर ऊर्जा का उपयोग किया जा सकेगा और हरित ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा।

अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने इस दौरान ऊर्जा मंत्रालय के अंतर्गत रायगढ़ में ‘लारा सुपर क्रिटिकल थर्मल पावर संयंत्र चरण-दो’ का शिलान्यास भी किया। यह परियोजना क्षेत्र में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा करेगी। यह परियोजना आस-पास के क्षेत्र में अधोसंरचना विकास और सामाजिक अधोसंरचना की उपलब्धता में और सुधार करेगी।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, उनके मंत्रिमंडल के सदस्य और अधिकारी मौजूद थे।

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