तमिलनाडु: बीजेपी नेता एन लक्ष्मणन के निधन पर पीएम मोदी ने जताया दुःख
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पार्टी की तमिलनाडु इकाई के पूर्व अध्यक्ष के एन लक्ष्मणन के निधन पर शोक प्रकट किया और आपातकाल विरोधी आंदोलन में उनकी भूमिका को याद किया।
चेन्नई: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पार्टी की तमिलनाडु इकाई के पूर्व अध्यक्ष के एन लक्ष्मणन के निधन पर शोक प्रकट किया और आपातकाल विरोधी आंदोलन में उनकी भूमिका को याद किया. मोदी ने ट्वीट किया, ‘‘श्री के एन लक्ष्मणन जी के निधन से दुखी हूं. वह तमिलनाडु के लोगों की सेवा करने और वहां भाजपा संगठन का विस्तार करने में अग्रणी रहे थे. उन्होंने कहा, ‘‘आपातकाल विरोधी आंदोलन में उनकी भूमिका और सामाजिक-सांस्कृतिक गतिविधियों में उनकी भागीदारी को हमेशा याद रखा जाएगा। ओम शांति.
लक्ष्मणन का निधन सोमवार की रात को सलेम के सेवाईपेट्टई स्थित उनके आवास पर उम्र संबंधी बीमारियों के कारण हो गया. वह 92 वर्ष के थे. लक्ष्मणन के परिवार में पत्नी रंगनायकी अम्मल, बेटी भुवनेश्वरी और बेटा शेखर हैं. तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने आपातकाल लगाया था और यह 1975 और 1977 के बीच 21 महीने तक चला था. इसे स्वतंत्र भारत के इतिहास का एक काला चरण माना गया, जिस दौरान बहुत सारे विपक्षी नेताओं को जेल में बंद कर दिया गया था और प्रेस पर सेंसरशिप लगाया गया था. यह भी पढ़े | जेसिका लाल हत्याकांडः 14 साल बाद मनु शर्मा तिहाड़ जेल से रिहा: 2 जून 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.
आपातकाल के विरोध में उस समय देशभर में आंदोलन हुए। लक्ष्मणन ने तब उन आंदोलनों में बढ़-चढकर हिस्सा लिया था. लक्ष्मणन ने 2001-06 में चेन्नई के मायलापुर विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया था। वह दो बार भाजपा की तमिलनाडु इकाई के अध्यक्ष रहे. पार्टी अध्यक्ष जे पी नड्डा ने भी वरिष्ठ नेता को श्रद्धांजलि अर्पित की और कहा, ‘‘जनसंघ से भाजपा की लक्ष्मणन की उल्लेखनीय यात्रा और जनता की सेवा के लिए उनका समर्पण हमें हमेशा प्रेरित करेगा।’’
नड्डा ने लक्ष्मणन के शोक संतप्त परिवार के सदस्यों और उनके प्रशंसकों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
भाजपा के राष्ट्रीय सचिव मुरलीधर राव ने कहा, ‘‘वह बहुत ही सरल थे लेकिन राष्ट्रवाद की विचारधारा और जन सेवा के प्रति प्रतिबद्ध थे। लोगों और राष्ट्र को सशक्त बनाने के मार्ग पर अडिग होकर चलते रहे।’’पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष एल मुरुगन ने कहा कि लक्ष्मणन ने राजनीति से लेकर धर्म और शिक्षा तक सभी क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। वह राष्ट्रवादी थे।उन्होंने कहा, ‘‘शिक्षा के क्षेत्र में उनका योगदान उल्लेखनीय है।’’
1970 में, एन पी वासुदेवन के साथ उन्होंने केवल 35 छात्रों के साथ साधारण तरीके से श्री विद्या मंदिर स्कूल शुरू किया था।मुरुगन ने कहा कि अब वह संस्थान काफी बड़ा हो गया है, जहां 1,000 से अधिक छात्र पढ़ते हैं। वरिष्ठ भाजपा नेता पोन राधाकृष्णन, सी पी राधाकृष्णन, प्रदेश महासचिव वनाथी श्रीनिवासन और के टी राघवन समेत पार्टी के कई अन्य नेताओं ने भी लक्ष्मणन के निधन पर दुख जताया और उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jun 02, 2020 04:41 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

