Pahalgam Terror Attack: विरोध प्रदर्शन में ‘‘पाकिस्तान जिंदाबाद’’ का नारा लगाने का आरोप, मामला दर्ज
India Pakistan | PTI

इंदौर (मध्यप्रदेश), 1 मई : पहलगाम आतंकी हमले के खिलाफ इंदौर में एक विरोध प्रदर्शन के दौरान ‘‘पाकिस्तान जिंदाबाद’’ का नारा लगाने के आरोप में पुलिस ने अज्ञात लोगों पर मामला दर्ज किया है. पुलिस के एक अधिकारी ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी. पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) विनोद कुमार मीना ने संवाददाताओं को बताया कि पहलगाम आतंकी हमले के खिलाफ 25 अप्रैल को शहर के बड़वाली चौकी इलाके में विरोध प्रदर्शन किया गया था. उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर इस विरोध प्रदर्शन का कथित वीडियो प्रसारित हुआ है जिसमें कुछ लोगों को "पाकिस्तान जिंदाबाद’’ का नारा लगाते सुना जा सकता है.

डीसीपी ने बताया कि इस घटनाक्रम को लेकर भारतीय न्याय संहिता की धारा 196 (1) (बी) (अलग-अलग समुदायों के आपसी सद्भाव पर प्रतिकूल प्रभाव डालने वाला ऐसा कृत्य जिससे सार्वजनिक शांति भंग होती हो या भंग होने की आशंका हो) के तहत अज्ञात लोगों के खिलाफ बुधवार रात प्राथमिकी दर्ज की गई. मीना ने बताया,‘‘विरोध प्रदर्शन के विवादास्पद वीडियो की प्रामाणिकता की जांच की जा रही है. हम पता लगा रहे हैं कि कहीं इस वीडियो को छेड़छाड़ करके तो तैयार नहीं किया गया है. जांच के बाद उचित कदम उठाए जाएंगे.’’ उन्होंने कहा कि बड़वाली चौकी इलाके में पिछले हफ्ते हुए विरोध प्रदर्शन की पुलिस से अनुमति नहीं ली गई थी, इसलिए पुलिस को फिलहाल पता नहीं है कि इसका आयोजन किसने किया था. विरोध प्रदर्शन में शहर के वॉर्ड क्रमांक 58 के कांग्रेस पार्षद अनवर कादरी शामिल थे. यह भी पढ़ें : Pahalgam Terror Attack: आतंकियों ने हमले से पहले की थी तीन और जगहों की रेकी, दो दिन बैसरन में छिपे थे दहशतगर्द; जांच में हुआ खुलासा

उन्होंने बताया,‘‘यह प्रदर्शन बड़वाली चौकी व्यापारी संघ ने आयोजित किया था जिसमें भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के तीन-चार नेता भी शामिल हुए थे. मौके पर सात-आठ पुलिस कर्मी भी मौजूद थे. पुलिस ने भी प्रदर्शन का वीडियो बनाया था.’’ कादरी ने पहलगाम आतंकी हमले के खिलाफ आयोजित विरोध प्रदर्शन में किसी भी व्यक्ति द्वारा ‘‘पाकिस्तान जिंदाबाद’’ का नारा लगाए जाने से साफ इनकार किया. उन्होंने उस कथित वीडियो को फर्जी बताया जिसके आधार पर पुलिस ने इस प्रदर्शन को लेकर प्राथमिकी दर्ज की है. कादरी ने कहा,‘‘विरोध प्रदर्शन के मूल वीडियो से छेड़छाड़ कर फर्जी वीडियो साजिशन तैयार किया गया ताकि एक समुदाय को बदनाम किया जा सके. हमने पुलिस से इसकी शिकायत की है. हम चाहते हैं कि फर्जी वीडियो तैयार करके इसे सोशल मीडिया पर प्रसारित करने वाले लोगों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई हो.’’