कोट्टायम, 27 सितंबर केरल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और चंगनासेरी के विधायक सी एफ थॉमस का रविवार को तिरुवल्ला के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया। पार्टी के सूत्रों ने यह जानकारी दी। वह 81 वर्ष के थे।
उन्होंने बताया कि थॉमस का यहां कुछ बीमारियों का इलाज चल रहा था
थॉमस 1980 के बाद से ही लगातार विधानसभा में चंगनासेरी निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व कर रहे थे। 2001-2006 के कांग्रेस के नेतृत्व वाली संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) सरकार में वह ग्रामीण विकास, पंजीकरण, खादी एवं ग्रामोद्योग मंत्री भी थे।
वह दिवंगत केरल कांग्रेस (एम) के नेता के एम मणि के विश्वासपात्र थे।
पिछले साल अप्रैल में मणि की मौत के बाद पार्टी में दो गुटों के बीच दरार के कारण थॉमस केरल कांग्रेस (एम) में पी जे जोसेफ के गुट से जुड़े।
अपने छात्र जीवन में ही थॉमस कांग्रेस में शामिल हो गए और फिर चंगनासेरी टाउन (पश्चिम) मंडलम के उपाध्यक्ष बने।
केरल कांग्रेस के गठन के बाद उन्होंने पार्टी का दामन थाम लिया और राजनीति में उनका कद बढ़ता गया।
उन्होंने राज्य महासचिव और केरल कांग्रेस (एम) के अध्यक्ष का पद भी संभाला।
थॉमस को सोमवार को चंगनासेरी के चर्च के क्रबिस्तान में दफनाया जाएगा।
उनके निधन पर विभिन्न पार्टियों के नेताओं ने शोक व्यक्त किया।
केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने कहा कि थॉमस ऐसे नेता थे जो राजनीति से परे थे और उन्होंने राज्य के विकास के लिए कार्य किया।
विजयन ने कहा, ‘‘ उन्होंने सार्वजनिक सेवा में उच्च नैतिकता स्थापित की। खराब सेहत के बावजूद वह समाज के लिए कार्य कर रहे थे। मैं दशकों से उनके करीब था। वह अपने व्यवहार और राजनीतिक गतिविधि में बहुत ही मृदुल थे।’’
केरल विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष रमेश चेन्नीथला ने कहा कि थॉमस ऐसे नेता थे जिन्होंने आम लोगों और गरीबों के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया।
उन्होंने कहा, ‘‘ थॉमस का ऐसा व्यक्तित्व था जिस पर हल्का सा भी दाग नहीं लगा। साधरण जीवन उनकी पहचान थी। वह केरल की राजनीति और यूडीएफ के अहम नेता थे।’’
केरल भाजपा अध्यक्ष के सुरेंद्रन ने थॉमस के व्यक्तित्व को याद करते हुए कहा कि वह अपने राजनीतिक विरोधियों के प्रति भी बहुत विनम्र रहते थे।
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