जम्मू चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (जेसीसीआई) द्वारा बुलाई गई एक दिवसीय हड़ताल को कांग्रेस की जम्मू-कश्मीर इकाई, नेशनल कॉन्फ्रेंस और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) ने भी समर्थन दिया।
जम्मू, सांबा, कठुआ, रियासी और उधमपुर जिलों सहित संभाग के कई हिस्सों में विरोध दर्ज करा प्रदर्शकारियों ने युवा राजपूत सभा (वाईआरएस) के कुछ सदस्यों की बिना शर्त रिहाई की भी मांग की, जिन्हें सोमवार को एक प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया गया था। उन पर टोल प्लाजा के आसपास लगाए गए प्रतिबंधों का उल्लंघन करने का आरोप है।
राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों के प्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि टोल प्लाजा अवैध रूप से स्थापित किया गया है, जबकि स्मार्ट मीटर के कारण लोगों को बिजली खपत के अधिक शुल्क देने पड़ रहे हैं।
जम्मू, सांबा, कठुआ और उधमपुर जिलों के मुख्य बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा और लगभग सभी दुकानें व व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद रहे।
अधिकारियों ने बताया कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरे जम्मू में अर्धसैनिक बल के जवानों के साथ पुलिस दल तैनात हैं और अब तक कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है।
हालांकि, उधमपुर शहर के पास जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग को अवरुद्ध करने पर युवा राजपूत सभा के सदस्यों के एक समूह को हिरासत में लिया गया।
टोल प्लाजा पर विरोध प्रदर्शन को लेकर अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (जम्मू जोन) मुकेश सिंह ने बताया कि उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के प्रयासों के चलते भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) की एक टीम अगले दो दिन के भीतर प्रभावित क्षेत्र का दौरा करने के लिए तैयार है।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)












QuickLY