जरुरी जानकारी | पी-नोट के जरिये निवेश फरवरी में घटकर 88,398 करोड़ रुपये पर

नयी दिल्ली, 13 अप्रैल घरेलू बाजारों के ऊंचे मूल्यांकन के बीच भारतीय पूंजी बाजार में पार्टिसिपेटरी नोट (पी-नोट) के जरिये निवेश फरवरी माह में मासिक आधार पर घटकर 88,398 करोड़ रुपये रहा।

यह लगातार तीसरा महीना है जब पी नोट के जरिये निवेश घटा है। इससे पहले, जुलाई 2022 से तेल और अन्य वस्तुओं की कीमतों में गिरावट के साथ-साथ घरेलू शेयर बाजारों के बेहतर प्रदर्शन से इस मार्ग से पूंजी बाजार में निवेश बढ़ा था।

पी-नोट पंजीकृत पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) द्वारा उन विदेशी निवेशकों को जारी किए जाते हैं जो बिना सीधे पंजीकरण के भारतीय शेयर बाजारों में निवेश करना चाहते हैं। हालांकि, इसके लिए उन्हें जांच-पड़ताल की प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है।

भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) के आंकड़ों के अनुसार, भारतीय बाजारों....इक्विटी, बॉन्ड और हाइब्रिड प्रतिभूतियों में फरवरी के अंत तक पी-नोट के जरिये निवेश 88,398 करोड़ रुपये था। जनवरी के अंत तक यह आंकड़ा 91,469 करोड़ रुपये था।

इससे पहले, दिसंबर 2022 के अंत तक पी-नोट के जरिये निवेश का आंकड़ा 96,292 करोड़ रुपये था। वहीं पिछले साल नवंबर में पी-नोट के जरिये निवेश 99,335 करोड़ रुपये, अक्टूबर में 97,784 करोड़ रुपये रहा था।

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