इंदौर, आठ दिसंबर केंद्र सरकार के नये कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों द्वारा मंगलवार को बुलाए गए ‘भारत बंद’ का मध्यप्रदेश की आर्थिक राजधानी कहे जाने वाले इंदौर में ज्यादा असर नहीं देखा गया।
कारोबारी सूत्रों ने हालांकि बताया कि शहर की अनाज और फल-सब्जियों की थोक मंडियों में माल की आवक कम रहने से नियमित व्यवसाय प्रभावित हुआ।
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चश्मदीदों ने बताया कि शहर की सड़कों पर यातायात आम दिनों जैसा ही रहा और रोजमर्रा की जरूरत के सामान की दुकानें खुली रहीं।
शहर के प्रमुख कारोबारी संगठनों ने बंद को खुलकर समर्थन नहीं दिया था।
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इस बीच, राष्ट्रीय किसान मजदूर महासंघ के प्रवक्ता आशीष भैरम ने बताया कि उनके संगठन ने बंद के दौरान शहर के अलग-अलग स्थानों पर रैलियां निकालकर व्यापारियों से अनुरोध किया कि वे किसानों की मांगों के समर्थन में अपने प्रतिष्ठान बंद रखें।
बंद के दौरान राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह की अगुवाई में कांग्रेस कार्यकर्ता शहर के छावनी क्षेत्र स्थित संयोगितागंज अनाज मंडी में जुटे और नये कृषि कानूनों पर विरोध प्रदर्शन किया।
प्रदर्शनकारियों ने नरेंद्र मोदी सरकार तथा केंद्र में सत्तारूढ़ भाजपा के खिलाफ नारे लगाए।
हर्ष
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