जरुरी जानकारी | आईएलएण्डएफएस को शिक्षा संपत्तियां बेचने के लिये एनसीएलटी की मंजूरी मिली

नयी दिल्ली, दो सितंबर राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) ने कर्ज बोझ तले दबी आईएलएण्डएफएस की शिक्षा कारोबार से जुड़ी संपत्तियों को लेक्सिंगटन इक्विटी होल्डिंग्स लिमिटेड (एलईएचएल) समूह को बेचने की अनुमति दे दी।

एनसीएलटी की दो सदस्यीय मुंबई पीठ ने स्कूलनेट इंडिया में आईएलएण्डएफएस की 73.69 प्रतिशत हिस्सेदारी को फलाफल टैक्नालॉजी प्रा.लिमिलेटे को बेचने को मंजूरी दे दी। स्कूलनेट इंडिया को पहले आईएलएण्डएफएस एजूकेशन एण्ड टैक्नालाजी सविर्सिज के नाम से जाना जाता था।

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फलाफल टैक्नालॉजी क्षेत्र की कंपनी एलईएचएल की अनुषंगी की अनुषंगी है। उसकी स्कूलनेट में पहले से ही 26.13 प्रतिशत हिस्सेदारी है।

स्कूलनेट की दो अनुषंगी हैं -- आईएलएण्डएफएस क्लस्टर डेवलपमेंट इनिसिएटिव (आईसीडीआई) और स्किल ट्रेनिंग एसेसमेंट मैनेजमेंट पार्टनर्स (स्टैंप) -- और उसके पास आईएलएण्डएफएस स्किल डेवलमेंट कापोर्रेशन (आईएसडीसी) में 80 प्रतिशत हिस्सेदारी भी है।

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एनसीएलटी ने अपने 31 अगस्त के आदेश में कहा, ‘‘हमारा मानना है कि शिक्षा संपत्तियों की बिक्री समाधान कायदे कानून के दायरे में की गई है और उसे रिकार्ड में लेने के साथ मंजूरी दी जाती है।’’

न्यायाधिकरण ने आईएलएण्डएफएस को सौदों को लेकर अन्य राहतों की भी अनुमति दे दी है।

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