नयी दिल्ली, एक अगस्त एचडीएफसी बैंक ने अपने ग्राहकों को निवेश के अवसर देने के नाम पर फर्जीवाड़ा करने वाले कारोबारी मंचों के बारे में बृहस्पतिवार को सतर्क रहने की सलाह दी।
निजी क्षेत्र के सबसे बड़े बैंक ने बयान में कहा कि अधिकांश आकर्षक पेशकश सोशल मीडिया मंचों के जरिये आती हैं और इस सलाह का उद्देश्य ग्राहकों की सुरक्षा के लिए संभावित निवेश धोखाधड़ी के बारे में जागरूकता बढ़ाना है।
बैंक ने अपनी सलाह में कहा कि निवेश धोखाधड़ी के मामलों में धोखेबाज आमतौर पर शेयर, आईपीओ, क्रिप्टोकरेंसी, बिटकॉइन जैसी परिसंपत्तियों में निवेश पर असामान्य रूप से अधिक रिटर्न का वादा करते हुए नजर जाते हैं।
इस फर्जीवाड़े में नकली स्वचालित निवेश मंच या ऐप बनाना भी शामिल है जहां पर पीड़ितों को निवेश में उच्च रिटर्न का संकेत देने वाले नकली डैशबोर्ड दिखाई देते हैं।
एचडीएफसी बैंक के कार्यकारी उपाध्यक्ष (साख आसूचना एवं नियंत्रण) मनीष अग्रवाल ने इस धोखाधड़ी के बारे में चेतावनी देते हुए कहा, ‘‘हम निवेश धोखाधड़ी के मामलों की संख्या में वृद्धि देख रहे हैं और इस मुद्दे पर व्यापक जागरूकता और जानकारी फैलाने में मदद करना चाहते हैं, ताकि उपभोक्ता इन भ्रामक योजनाओं के शिकार होने से बच सकें।’’
उन्होंने कहा कि सरकार, बैंक और नियामकीय निकाय इन धोखाधड़ी गतिविधियों को रोकने के लिए कदम उठा रहे हैं, लेकिन व्यक्तिगत सतर्कता एवं जागरूकता इन अवैध योजनाओं के जाल में फंसने से ग्राहकों को बचाने में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
बयान के मुताबिक, अगर कोई व्यक्ति किसी ऑनलाइन धोखाधड़ी का शिकार होता है तो उसे भुगतान चैनल ब्लॉक करने के लिए तत्काल बैंक को उस अनधिकृत लेनदेन की सूचना देनी चाहिए।
प्रभावित ग्राहकों को गृह मंत्रालय की तरफ से शुरू की गई 1930 हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करके भी शिकायत दर्ज करानी चाहिए। इसके अलावा राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज करानी चाहिए।
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