चंडीगढ़, 12 जून हरियाणा के उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने शुक्रवार को माल एवं सेवा कर (जीएसटी) परिषद से वस्त्र, उर्वरक और जूते-चप्पल पर कर की दरें कम करने की मांग की।
चौटाला ने जीएसटी परिषद की 40वीं बैठक के दौरान पांच करोड़ रुपये से कम जीएसटी भरने वाले लोगों के लिये भी कर जमा करने की समयसीमा बढ़ाने की भी मांग की।
उन्होंने कोरोना वायरस महामारी के कारण उत्पन्न मौजूदा परिस्थितियों में राज्य के समक्ष उपस्थित हो रहे जीएसटी से संबंधित कई अन्य मुद्दों को उठाया।
बैठक के बाद चौटाला ने कहा कि हरियाणा ने केंद्र सरकार से वस्त्र, उर्वरक और जूते-चप्पल पर कर की दरें कम करने की मांग की है।
उन्होंने कहा कि गुजरात और बिहार ने भी इसी तरह की मांग की।
चौटाला ने कहा कि उन्होंने उन लोगों पर जुर्माना हटाने की मांग की, जो पिछले तीन वर्षों में रिटर्न दाखिल करने में विफल रहे। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्रीय राजस्व बढ़ाने के लिये इस दंड को समाप्त किया जाना चाहिये।
चौटाला ने बैठक में कहा कि पांच करोड़ से कम जीएसटी का भुगतान करने वालों के लिये कर जमा करने की समय सीमा जून से आगे सितंबर 2020 तक बढ़ाई जानी चाहिये।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को संकट की इस घड़ी में वित्तीय सहायता के रूप में राज्यों को उपकर राशि देनी चाहिये।
उन्होंने बताया कि 2017 में, इस श्रेणी में 1.76 लाख करोड़ रुपये एकत्र किये गये। इनमें से 34 हजार करोड़ रुपये राज्यों को वितरित किये गये, लेकिन 54,600 करोड़ रुपये की राशि केंद्र सरकार के पास लंबित है।
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