विदेश की खबरें | फ्रांस ने चाकू हमले की घटना के बाद देश के यहूदी समुदाय की सुरक्षा का वादा किया

इस हमले के लिये इस्लामी आतंकवाद को जिम्मेदार ठहराया गया है।

गृह मंत्री गेराल्ड डारमानिन ने रविवार को एक यहूदी उपासना गृह जाने से पहले ‘योम किप्पर’(यहूदी वर्ष का सबसे पवित्र दिन) के अवसर पर कहा कि 7,000 से अधिक पुलिस कर्मी और सैनिक इस सप्ताह यहूदी प्रार्थना सभाओं को सुरक्षा प्रदान कर रहे हैं। फ्रांस में यूरोप की सबसे बड़ी यहूदी आबादी है।

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उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘‘मैं फ्रांस के यहूदी समुदाय के सदस्यों को उन की सुरक्षा का भरोसा दिलाता हूं क्योंकि आप जानते हैं कि इस्लामी हमलों में यहूदियों को खासतौर पर निशाना बनाया गया है और हमें उनकी सुरक्षा करनी चाहिए। ’’

उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को शहर में व्यंग्यात्मक साप्ताहिक पत्रिका शार्ली एब्दो के पूर्व कार्यालय के बाहर हुए चाकू हमले में कम से कम दो लोग घायल हो गये थे।

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इससे पहले, जनवरी 2015 में पत्रिका के पेरिस कार्यालय में और कोशर सुपरमार्केट में हुए इस्लामी चरमपंथी हमले में 17 लोग मारे गये थे।

इस मामले में मुकदमे की सुनवाई जारी रहने के बीच शुक्रवार को चाकू हमले की घटना हुई।

एक न्यायिक अधिकारी के मुताबिक शुक्रवार के हमले के संदिग्ध हमलावर ने जांचकर्ताओं से कहा कि वह शार्ली एब्दो को निशाना बना रहा था क्योंकि पत्रिका ने हाल ही में पैगंबर मुहम्मद का कार्टून फिर से प्रकाशित किया था।

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