देश की खबरें | ट्रांस अरुणाचल हाईवे का निर्माण चार एजेंसियां कर रही हैं : मुख्यमंत्री

ईटानगर, 27 अगस्त अरुणाचल प्रदेश के 16 जिलों को जोड़ने वाला 2396 किलोमीटर लंबा ट्रांस अरुणाचल हाईवे (टीएएच) का निर्माण चार एजेंसियां कर रही हैं। यह जानकारी शुक्रवार को मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने विधानसभा में दी।

लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी), सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (एमओआरटीएच), राष्ट्रीय राजमार्ग ढांचा विकास निगम लिमिटेड (एनएचआईडीसीएल) और सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) परियोजना पर काम कर रहे हैं। इसकी घोषणा जनवरी 2008 में तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह ने की थी।

टीएएच पश्चिम अरूणाचल प्रदेश के तवांग से राज्य के दक्षिण पूर्वी हिस्से में लोंगडिंग जिले के कानुबारी तक जाएगा।

कांग्रेस विधायक नबाम तुकी के एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने विधानसभा में बताया कि टीएएच के तहत राज्य पीडब्ल्यूडी को 978 किलोमीटर का काम दिया गया है जिसमें से 394.59 किलोमीटर का काम पूरा हो गया है जबकि शेष 583.41 किलोमीटर का काम जारी है।

खांडू ने कहा, ‘‘शेष हिस्सा 2024 तक पूरा हो जाएगा।’’ वह पीडब्ल्यूडी मंत्री भी हैं।

टीएएच में एनएचआईडीसीएल 753 किलोमीटर का निर्माण कर रहा है जबकि बीआरओ तथा एमओआरटीएच क्रमश: 324 किलोमीटर और 341 किलोमीटर लंबे मार्ग का निर्माण कर रहे हैं।

अरुणाचल प्रदेश सरकार ने असम के वन विभाग से कहा है कि वह जांच करे कि क्या नया अधिसूचित देहिंग-पटकई राष्ट्रीय पार्क दोनों राज्यों के विवादित सीमावर्ती क्षेत्र में पड़ता है। यह सूचना गृह मंत्री बमांग फेलिक्स ने विधानसभा में दी।

कांग्रेस नेता वांगलिंग लौंगडोंग के एक सवाल के जवाब में फेलिक्स ने कहा कि प्रशासन असम सरकार की अधिसूचना से वाकिफ है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने असम के मुख्य वन्यजीव संरक्षक को पत्र लिखकर तय करने के लिए कहा है कि क्या अधिसूचित पार्क विवादित अंतरराज्यीय सीमावर्ती इलाके में पड़ता है।

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