विदेश की खबरें | दक्षिणी अफ्रीका के पूर्व राष्ट्रपति जुमा ने राजनीति में लौटने के संकेत दिए
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

जुमा (80) 2009 से 2018 तक राष्ट्रपति रहे लेकिन उन्हें सरकार तथा सरकारी संस्थानों में भ्रष्टाचार के व्यापक आरोपों के कारण इस्तीफा देना पड़ा था।

उन्हें अपने कार्यकाल के दौरान भ्रष्टाचार की जांच कर रहे एक न्यायिक आयोग के समक्ष गवाही के अदालत के आदेश की अवज्ञा के लिए पिछले साल 15 महीने की जेल की सजा सुनायी गयी थी और तब से वह मेडिकल पैरोल पर बाहर हैं।

जुमा हथियारों के एक प्रमुख सौदे में भ्रष्टाचार के आरोप में भी मुकदमे का सामना कर रहे हैं।

सोमवार देर रात जारी किए एक बयान में जुमा ने कहा कि एएनसी के कुछ सदस्यों ने इस साल के अंत तक पार्टी के अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने पर विचार करने के लिए उनसे संपर्क किया था।

उन्होंने कहा, ‘‘मैंने संकेत दिया है कि अगर संगठन में इस स्तर पर या किसी अन्य स्तर पर सेवा देना आवश्यक होता है तो मैं अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने से इनकार नहीं करूंगा।’’

इस साल के अंत में होने वाली पार्टी की बैठक मौजूदा राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा के भविष्य के लिए अहम होगी, जो एएनसी के नेता के तौर पर पुन: निर्वाचित होने तथा देश का राष्ट्रपति बने रहने के लिए कड़े विरोध का सामना कर रहे हैं।

जुमा एएनसी के कुछ धड़ों तथा कुछ क्षेत्रों में जमीनी स्तर पर अब भी लोकप्रिय हैं लेकिन अभी यह स्पष्ट नहीं है कि एएनसी के उस नियम से वह कैसे निपटेंगे जिसके तहत आपराधिक आरोपों का सामना कर रहा कोई भी व्यक्ति नेतृत्व के पदों के लिए चुनाव नहीं लड़ सकता है।

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