जरुरी जानकारी | जून के दूसरे सप्ताह में बिजली मांग पहले की तुलना में बढ़ी

नयी दिल्ली, 12 जून जून के दूसरे हफ्ते में चिलचिलाती गर्मी और लू के दौरान बिजली की मांग पिछले हफ्ते की तुलना में बढ़ गयी। बृहस्पतिवार को यह 163.30 गीगावाट के उच्च स्तर पर पहुंच गयी।

बिजली मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक आठ जून से शुरू हुए हफ्ते में व्यस्त समय के दौरान बिजली की मांग 153.13 गीगावाट रही, जो बृहस्पतिवार को अपने उच्च स्तर पर पहुंच गयी।

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जबकि इससे पिछले हफ्ते में व्यस्त समय की बिजली की मांग 138.28 गीगावाट से 146.53 गीगावाट के बीच रही थी।

हालांकि बिजली की मांग में यह बढ़त सालाना आधार पर गिरी है।

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पिछले साल जून में बिजली की मांग 182.45 गीगावाट थी। इस तरह पहले हफ्ते में बिजली की मांग सालाना आधार पर 19.7 प्रतिशत और दूसरे हफ्ते में 10.5 प्रतिशत कम रही है।

व्यस्त समय में बिजली की मांग से आशय दिन के दौरान सबसे अधिक बिजली आपूर्ति का स्तर होना है।

मई में इस साल बिजली की सर्वाधिक मांग 26 मई को 166.42 गीगावाट दर्ज की गयी थी। यह पिछले साल मई की 182.55 गीगावाट से 8.82 प्रतिशत कम है। जबकि अप्रैल में यह मांग 132.77 गीगावाट रही जो अप्रैल 2019 की 176.81 गीगावाट मांग की तुलना में 25 प्रतिशत कम थी।

अप्रैल और मई में बिजली की मांग में गिरावट की मुख्य वजह देशभर में लॉकडाउन के चलते औद्योगिक मांग का कमजोर रहना है।

बिजली विशेषज्ञों का मानना है कि जून के आखिर तक गरमी बढ़ने से बिजली मांग अपने सामान्य स्तर तक पहुंच जाएगी।

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