जयपुर, दो नवंबर भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की एक टीम ने मणिपुर में तैनात प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के एक अधिकारी और उसके सहयोगी को कथित रूप से परिवादी से 15 लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह जानकारी अधिकारियों ने दी।
अधिकारियों ने बताया कि आरोपी अधिकारी चिटफंड मामले में गिरफ्तार नहीं करने के एवज में आरोपी से 17 लाख रुपये मांग रहा था।
ब्यूरो (एसीबी) के बयान के अनुसार, गिरफ्तार लोगों में ईडी के इंफाल (मणिपुर) स्थित कार्यालय का प्रवर्तन अधिकारी (ईओ) नवल किशोर मीणा और उसका स्थानीय सहयोगी बाबूलाल मीणा शामिल हैं।
ईडी ने एक बयान में कहा कि उसने नवल किशोर को निलंबित कर दिया है और उनके और अन्य आरोपी के खिलाफ धनशोधन जांच शुरू की है।
परिवादी द्वारा शिकायत दी गई कि ईडी के इंफाल कार्यालय में चिटफंड-प्रकरण में उसके विरुद्ध दर्ज मामले को निपटाने, प्रॉपर्टी जब्त नहीं करने तथा गिरफ्तार नहीं करने के एवज में आरोपी प्रवर्तन अधिकारी नवल किशोर मीणा द्वारा 17 लाख रुपये रिश्वत राशि की मांग कर उसे परेशान किया जा रहा है।
एसीबी की टीम ने शिकायत का सत्यापन कर बृहस्पतिवार को जयपुर में आरोपी नवल किशोर मीणा उर्फ एनके मीणा को उसके सहयोगी बाबूलाल मीणा उर्फ दिनेश के माध्यम से परिवादी से 15 लाख रुपये की रिश्वत राशि लेते गिरफ्तार किया।
बयान के अनुसार, नवल किशोर मूल रूप से बस्सी के विमलपुरा गांव का रहने वाला है, जबकि उसका सहयोगी बाबूलाल उप पंजीयक कार्यालय-मुंडावर में कनिष्ठ सहायक पद पर कार्यरत है।
बयान के मुताबिक, दोनों आरोपियों से पूछताछ जारी है।
ईडी ने कहा कि नवल किशोर मणिपुर में अपने कार्यालय से छुट्टी लेकर जयपुर के निजी दौरे पर थे।
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