विदेश की खबरें | शानदार जीत के बावजूद न्यू डेमोक्रेसी पार्टी को बहुमत नहीं, नए चुनाव की ओर बढ़ा यूनान
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

मंगलवार को सत्ता साझा करने संबंधी समझौता नहीं हो पाया क्योंकि मुख्य विपक्षी दल ने अगली सरकार के गठन में मदद करने के आमंत्रण को खारिज कर दिया।

इसके तुरंत बाद, मित्सोताकिस ने सरकार गठन के लिए गठबंधन की संभावना से इनकार किया और इसकी जगह 25 जून को संभावित दूसरे चुनाव का विकल्प चुना है।

मित्सोताकिस (55) ने रविवार को अपने मुख्य प्रतिद्वंद्वी को 20 अंकों से हराते हुए 40 प्रतिशत वोट हासिल किए।

उन्होंने व्यापार-समर्थक सुधारों को जारी रखने, अवैध प्रवासन से निपटने के लिए कठोर नीतियों और उच्च रक्षा व्यय को जारी रखने का वादा किया है। यूनान पिछले दशक में एक बड़े वित्तीय संकट से उबर रहा है।

यूनान के संविधान के तहत, चुनाव में पहले तीन स्थानों पर आने वाले दलों को संसद भंग होने और दोबारा चुनाव की घोषणा किए जाने से पहले सरकार बनाने और इसके गठन की कोशिश करने के लिए तीन दिन तक का समय दिया जाता है।

वामपंथी सिरिजा पार्टी के मुखिया एवं पूर्व प्रधानमंत्री एलेक्सिस सिप्रास ने बैठक के बाद संवाददाताओं से कहा, ‘‘मेरे पास यह छिपाने का कोई कारण नहीं है कि चुनाव परिणाम हमारे लिए एक दर्दनाक सदमा है। अप्रत्याशित और दर्दनाक।’’

न्यू डेमोक्रेसी पार्टी ने 300 सदस्यीय संसद में 146 सीट जीतीं, जो बहुमत से पांच कम हैं। सिरिजा पार्टी के खाते में कुल 71 सीट आईं। शेष सीट अन्य दलों के खाते में गईं।

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