एजेंसी न्यूज

देश की खबरें | दिल्ली की वायु गुणवत्ता ‘बहुत खराब’, शनिवार तक सुधरने की उम्मीद

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. राष्ट्रीय राजधानी में वायु गुणवत्ता शुक्रवार सुबह ‘बहुत खराब’ श्रेणी में रही।

देश की खबरें | दिल्ली की वायु गुणवत्ता ‘बहुत खराब’, शनिवार तक सुधरने की उम्मीद
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 30 अक्टूबर राष्ट्रीय राजधानी में वायु गुणवत्ता शुक्रवार सुबह ‘बहुत खराब’ श्रेणी में रही।

प्रदूषण संबंधी अनुमान जताने वाली सरकारी एजेंसी ने कहा कि हवा की अनुकूल गति के कारण वायु गुणवत्ता में थोड़ा सुधार होने की उम्मीद है।

यह भी पढ़े | गुजरात: पीएम नरेंद्र मोदी पहुंचे नर्मदा जिले के केवडिया, जंगल सफारी के नाम से प्रसिद्ध सरदार पटेल प्राणी उद्यान का करेंगे उद्घाटन: 30 अक्टूबर 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) बृहस्पतिवार को कुछ समय के लिए ‘‘गंभीर’’ स्तर पर रहा और इसके बाद यह ‘‘बहुत खराब’’ श्रेणी मे पहुंच गया।

पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय की वायु गुणवत्ता निगरानी प्रणाली ‘सफर’ के अनुसार, दिल्ली की हवा में पीएम 2.5 के संकेंद्रण में पराली जलाने का योगदान बृहस्पतिवार को इस मौसम में सर्वाधिक 36 प्रतिशत था।

यह भी पढ़े | Munger Firing: शिवसेना नेता संजय राउत ने मुंगेर की घटना को बताया हिंदुत्व पर हमला, बिहार के राज्यपाल के साथ ही बीजेपी पर साधा निशाना.

दिल्ली में सुबह साढ़े नौ बजे एक्यूआई 380 दर्ज किया गया। बृहस्पतिवार को 24 घंटे का औसत एक्यूआई 395 रहा। यह बुधवार को 297, मंगलवार को 312, सोमवार को 353 और रविवार को 349 था।

शादीपुर (417), पटपड़गंज (406), बवाना (447) और मुंडका (427) समेत कई निगरानी स्टेशनों पर एक्यूआई ‘गंभीर’ श्रेणी में दर्ज किया गया।

उल्लेखनीय है कि 0 और 50 के बीच एक्यूआई को 'अच्छा', 51 और 100 के बीच 'संतोषजनक', 101 और 200 के बीच 'मध्यम', 201 और 300 के बीच 'खराब', 301 और 400 के बीच 'बेहद खराब' और 401 से 500 के बीच 'गंभीर' माना जाता है।

सीपीसीबी के डेटा के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर में बृहस्पतिवार सुबह 10 बजे पीएम10 का स्तर 424 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर दर्ज किया गया जो इस मौसम में सर्वाधिक है। भारत में 100 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर से नीचे के पीएम 10 का स्तर सुरक्षित माना जाता है।

पीएम 2.5 का स्तर 231 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर मापा गया। भारत में 60 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर तक पीएम 2.5 के स्तर को सुरक्षित माना जाता है।

नासा से प्राप्त उपग्रह चित्रों में पंजाब के अधिकांश और हरियाणा के कुछ हिस्सों में पराली इत्यादि जलाने की घटनाओं की पुष्टि हुई।

सफर के अनुसार, पीएम2.5 संक्रेंद्रण में पराली जलाने का योगदान दिल्ली में 36 प्रतशित रहा। यह बुधवार को 18 प्रतिशत, मंगलवार को 23 प्रतिशत, सोमवार को 16 प्रतिशत, रविवार को 19 प्रतिशत और शनिवार को नौ प्रतिशत रहा।

सफर ने कहा कि सतह पर हवा की गति बढ़ने और वातायन की बेहतर परिस्थितियों से शनिवार तक हालात में ‘‘काफी’’ सुधार की उम्मीद है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

(The above story first appeared on LatestLY on Oct 30, 2020 12:03 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).