देश की खबरें | दिल्ली दंगे : अदालत ने 85 वर्षीय महिला की मौत मामले में 4 लोगों की जमानत याचिका खारिज की
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, सात अगस्त दिल्ली की एक अदालत ने 85 वर्षीय एक महिला की कथित हत्या के मामले में चार लोगों की जमानत याचिका खारिज कर दी है। महिला की फरवरी में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में सांप्रदायिक हिंसा के दौरान उनके घर में आग लगा दिए जाने के कारण मौत हो गयी थी।

अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश विनोद यादव ने अकबरी बेगम मौत मामले में अरुण कुमार, रवि कुमार, प्रकाश चंद और सूरज सिंह की जमानत याचिका खारिज कर दी।

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अदालत ने कहा कि गवाहों के बयानों का सावधानीपूर्वक विश्लेषण करने से प्रथम दृष्टया संकेत मिलता है कि सभी चार आरोपी गैरकानूनी भीड़ का हिस्सा थे जिसने डकैती करने के बाद शिकायतकर्ता के घर में आग लगा दी थी।

न्यायाधीश ने छह अगस्त को यह आदेश दिया।

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अदालत ने कहा कि वीडियोग्राफी विवरण से स्पष्ट है कि दंगाई भीड़ ने अकबरी बेगम के घर को निशाना बनाया था। अदालत ने आगे कहा, ‘‘चूंकि शिकायतकर्ता (मोहम्मद सईद सलमानी) और उनके परिवार के सदस्यों द्वारा घर में कपड़ा फैक्ट्री चलाई जा रही थी, इसलिए घर में बहुत सारी ज्वलनशील सामग्री थी। घर में आग लग गई और बड़े पैमाने पर विनाश हुआ तथा अकबरी बेगम (शिकायतकर्ता की मां) की दुर्भाग्यपूर्ण मौत हो गयी।’’

अदालत ने कहा कि अगर आरोपियों को जमानत पर रिहा किया जाता है तो वे मामले में गवाहों को धमकी दे सकते हैं क्योंकि वे उसी इलाके के निवासी हैं।

यह सुनवाई वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से हुयी और सुनवाई के दौरान, आरोपियों के वकील ने कहा कि अरुण, रवि, चंद और सिंह को मामले में झूठा फंसाया गया है तथा उनके खिलाफ कोई कानूनी रूप से स्वीकार्य सबूत उपलब्ध नहीं हैं।

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