देश की खबरें | दिल्ली दंगाः अदालत ने हत्या के मामले में सात के खिलाफ दायर आरोप पत्र का संज्ञान लिया
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 13 अक्टूबर दिल्ली की एक अदालत ने राष्ट्रीय राजधानी के उत्तर-पूर्वी हिस्से में फरवरी में हुई सांप्रदायिक हिंसा के दौरान एक शख्स की हत्या के मामले में सात व्यक्तियों के खिलाफ दायर आरोप पत्र का संज्ञान लिया है।

अदालत ने कहा कि प्रथम दृष्टया उजागर होता है कि आरोपी 24 फरवरी को दिल्ली के शिव विहार तिराहा में कथित तौर पर साझा इरादे और गैरकानूनी लक्ष्य के साथ साजिश करके दंगा, हत्या और अन्य अपराध करने में शामिल थे।

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छह जून को दायर आरोप पत्र के मुताबिक, स्थानीय निवासी राहुल सोलंकी को दंगों के दौरान गोली लगी थी और उनकी एक अस्पताल में मौत हो गई थी।

आरोप पत्र सलमान, सोनू सैफी, मोहम्मद आरिफ, अनीस कुरैशी, सिराजुद्दीन, मोहम्मद फुरकान एवं मोहम्मद इरशाद के खिलाफ दायर किया गया है।

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मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट पुरुषोत्तम पाठक ने कहा, “गवाहों ने अपने बयानों में कहा कि 24 फरवरी 2020 को शिव विहार तिराहा पर दंगा हुआ, जहां दंगाइयों ने पथराव किया, हिंदू विरोधी नारे लगाए, कई दुकानों और घरों में तोड़फोड़ की तथा उनमें आग लगाई और दंगे के दौरान उन्होंने राहुल सोलंकी की हत्या कर दी। “

12 अक्टूबर को पारित किए अपने आदेश में अदालत ने कहा,‘‘ गवाहों के बयान के अलावा, सीसीटीवी फुटेज है जो अपराध की तारीख और समय पर घटनास्थल पर आरोपियों की मौजूदगी दिखाते हैं।"

न्यायाधीश ने दंगा करना, अवैध रूप से जमा होना, हत्या, बदमाशी, आगजनी, घर में चोरी करना, आपराधिक साजिश तथा एक इरादे से अपराध करने से संबंधित धाराओं में आरोपों का संज्ञान लिया।

अदालत ने धार्मिक भावनाओं को आहत करने, दो समूहों में धार्मिक, जाति या के आधार पर शत्रुता को बढ़ावा देने और सशस्त्र अधिनियम की धाराओं के तहत अपराधों का संज्ञान नहीं लिया, क्योंकि पुलिस इनके तहत कार्यवाही के लिए आवश्यक मंजूरी अबतक नहीं ले पाई है।

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