नयी दिल्ली, 19 अप्रैल दिल्ली सरकार जलभराव और यातायात की समस्या से निपटने के वास्ते सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाने के लिए एकीकृत नियंत्रण केंद्र स्थापित करेगी। एक अधिकारी ने शनिवार को यह जानकारी दी।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में बिजली और पीडब्ल्यूडी सहित कई विभागों के प्रमुखों के साथ हुई बैठक में इस संबंध में निर्णय किया गया है। इस बैठक के दौरान यातायात भीड़ और जलभराव के मुद्दों पर चर्चा की गई थी।
अधिकारी ने बताया कि राजधानी की यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए भीड़भाड़ वाले चिह्नित किए गए 233 स्थानों पर काम पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘इन सभी कार्यों के बेहतर समन्वय और निगरानी के लिए एक एकीकृत नियंत्रण केंद्र स्थापित किया जाएगा, ताकि सभी विभाग मिलकर काम कर सकें।’’
अधिकारियों के अनुसार, यह एकीकृत नियंत्रण केंद्र यातायात भीड़ के अलावा शहर भर में जलभराव और दुर्घटना संभावित क्षेत्रों को समाप्त करने जैसी समस्याओं के प्रबंधन में मदद करेगा।।
अधिकारी ने बताया, ‘‘मुख्यमंत्री ने यह सुनिश्चित करने के लिए कहा कि जाम वाले प्रमुख क्षेत्रों में सुधार किया जाए और उचित दिशा-निर्देशों के साथ यातायात में सुधार किया जाए।’’
इस बीच, दिल्ली यातायात पुलिस ने 4,780 दुर्घटना संभावित क्षेत्रों की पहचान की है। पीडब्ल्यूडी के अधिकार क्षेत्र में आने वाले लगभग 3,000 दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में से 1,989 पर स्ट्रीट लाइट की मरम्मत की जा चुकी है।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)













QuickLY