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देश की खबरें | न्यायालय ने हत्याकांड में मौत की सजा देने पर रोक लगाई

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देश की खबरें | न्यायालय ने हत्याकांड में मौत की सजा देने पर रोक लगाई
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 28 अक्टूबर उच्चतम न्यायालय ने हत्या के एक मामले में दोषी करार दिये गये शख्स को सुनाई गयी मौत की सजा देने पर बुधवार को रोक लगा दी।

नृशंस हत्याकांड में एक महिला की गला घोंटकर हत्या कर दी गयी थी और उसका पेट काटकर कुछ अंग निकाल लिये गये थे।

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दोषी मोहन सिंह की एक अपील पर सुनवाई कर रही प्रधान न्यायाधीश एस ए बोबडे की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा, ‘‘अनुमति प्रदान की जाती है। इस बीच मौत की सजा देने पर रोक रहेगी। रिकॉर्ड मंगाए जाएं।’’

शीर्ष अदालत सिंह को 2019 में दर्ज मामले में एक निचली अदालत द्वारा सुनाई गयी मौत की सजा को बरकरार रखने वाले राजस्थान उच्च न्यायालय के सात अगस्त के फैसले के खिलाफ अपील पर सुनवाई कर रही थी।

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पीठ ने सिंह की ओर से पक्ष रख रहे वरिष्ठ अधिवक्ता सिद्धार्थ लूथरा से कहा कि उसने कभी ऐसा हत्याकांड नहीं सुना जिसमें आरोपी ने पीड़ित का पेट काट दिया हो।

पीठ में न्यायमूर्ति ए एस बोपन्ना और न्यायमूर्ति वी रामसुब्रमण्यम भी थे।

पीठ ने कहा, ‘‘क्या वह (सिंह) किसी तरह का दानव है या क्या है?’’

उन्होंने कहा, ‘‘आपके मुवक्किल ने अत्यंत बुरा काम किया है। उसने पेट क्यों फाड़ा और उसमें कपड़े क्यों रखे? क्या वह कोई सर्जन है या क्या है?’’

लूथरा ने बताया कि सिंह सुरक्षा गार्ड की नौकरी कर रहा था।

पुलिस के मुताबिक, मामले में प्राथमिकी पिछले साल मई में दर्ज की गयी थी। महिला का शव तारों से बंधा हुआ एक बैग में मिला था।

सुनवाई के दौरान सिंह ने दावा किया था कि उसने हत्या नहीं की है और उसे गलत तरह से मामले में फंसाया गया है।

निचली अदालत ने इस साल फरवरी में उसे हत्या का दोषी ठहराया था और मृत्युदंड सुनाया था।

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(The above story first appeared on LatestLY on Oct 28, 2020 09:32 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).