विदेश की खबरें | अपनी ही सलाह से उलट, परम्परा को तोड़ते हुए पोम्पिओ ने आरएनसी को किया संबोधित

वाशिंगटन, 26 अगस्त अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पोम्पिओ ने दूसरों की दी गई सलाह से उलट और मौजूदा मंत्रियों के चुनाव अभियान से बचने की पुरानी परम्परा को तोड़ते हुए अमेरिकियों से कहा कि अगर वे देश को सुरक्षित रखना चाहते हैं और अपनी स्वतंत्रता बरकरार रखना चाहते हैं तो वे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को फिर से सत्ता में लाएं।

‘रिपब्लिकन नेशनल कंवेन्शन’ (आरएनसी) के दूसरे दिन पोम्पिओ के भाषण से राजनीतिक बहस शुरू हो गई। खासकर विपक्षी दल डेमोक्रेटिक पार्टी ने इसका विरोध किया और कहा कि विदेश मंत्री को किसी के पक्ष में बयान नहीं देना चाहिए।

यह भी पढ़े | Indo-China Stand-Off: चीनी राजदूत सुन वेदोंग ने कहा- भारत चीन के लिए खतरा नहीं बल्कि एक अवसर है, बातचीत से संभाला जाए सीमा विवाद.

पोम्पिओ ने पिछले महीने ही अमेरिकी राजनयिक मिशनों को एक संदेश में कहा था कि संघीय कानून के तहत उन्हें राष्ट्रपति चुनाव अभियान में किसी का पक्ष नहीं लेना चाहिए और अब उन्होंने खुद ही सम्मेलन को संबोधित करके अपनी ही सलाह का उल्लंघन किया है।

पोम्पिओ ने आरएनसी ने अपने संबोधन में कहा, ‘‘ राष्ट्रीय सरकार का प्राथमिक संवैधानिक कार्य आपके और मेरे परिवार की सुरक्षा, रहने की, काम करने की स्वतंत्रता, धार्मिक स्वतंत्रता सुनिश्चित करना है। हमें स्वतंत्र एवं सुरक्षित रखने के लिए इन राष्ट्रपति ने दुनिया के करीब हर कोने में कड़े कदम उठाए हैं।’’

यह भी पढ़े | फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन का नागरिकों से किया आह्वान, कहा- COVID-19 के साथ रहना सीखें.

पोम्पिओ ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के ‘अमेरिका पहले’ के दृष्टिकोण की वजह से अमेरिकी अधिक सुरक्षित, अधिक स्वतंत्र है। यह शायद उन्हें हर विदेशी देश में लोकप्रिय ना बनाए।

विदेश मंत्री ने कहा, ‘‘ चीन में, उन्होंने चीनी कम्युनिस्ट पार्टी की आक्रामकता का पर्दाफाश किया। राष्ट्रपति ने चीन को चीनी वायरस को छुपाने और उसे अमेरिका और दुनियाभर में लोगों की जान लेने और आर्थिक विनाश के लिए जिम्मेदार ठहराया। वह न्याय होने तक शांत नहीं बैठेंगे।’’

अमेरिका कोरोना वायरस संक्रमण फैलाने के लिए लगातार चीन को जिम्मेदार ठहराता रहा है। इस घातक वायरस का पहला मामला चीन के वुहान शहर में ही सामने आया था।

अमेरिका में अभी तक कोरोना वायरस के 50 लाख से अधिक मामले सामने आ चुके हैं और इससे देश में 1,70,000 से अधिक लोगों की मौत हुई है।

कोरोना वायरस के कारण आरएनसी भी ऑनलाइन आयोजित किया जा रहा है। पोम्पिओ का भाषण भी पहले ही रिकॉर्ड कर लिया गया था, जिसे मंगलवार को प्रसारित कर दिया गया।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)