राउरकेला, सात फरवरी कांग्रेस महासचिव (संचार) जयराम रमेश ने बुधवार को दावा किया कि कांग्रेस की पिछली सरकारों द्वारा बनाए गए राउरकेला इस्पात संयंत्र (आरएसपी) सहित सार्वजनिक क्षेत्र के कई उपक्रम ‘‘खतरे’’ में हैं क्योंकि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ये इकाइयां ‘‘बेचने में व्यस्त हैं।’’
ओडिशा के सुंदरगढ़ जिले के राजगंगपुर पहुंची कांग्रेस नेता राहुल गांधी की ‘भारत जोड़ो न्याय यात्रा’ में उनके साथ शामिल रमेश ने संवाददाता सम्मेलन में यह बात कही।
रमेश ने कहा, ‘‘पंडित नेहरू (पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू) ने देश में सार्वजनिक क्षेत्र के कई उपक्रम बनाए, लेकिन वे सभी आज खतरे में हैं। प्रधानमंत्री मोदी कांग्रेस द्वारा बनाए गए इन सार्वजनिक उपक्रमों को अपने दोस्तों को बेचने में व्यस्त हैं, लेकिन कांग्रेस पार्टी इसका विरोध करेगी।’’
राउरकेला के देश के आर्थिक इतिहास में विशेष महत्व होने का उल्लेख करते हुए रमेश ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने ओडिशा में आरएसपी, नाल्को, एनटीपीसी और ऐसी अन्य परियोजनाओं की स्थापना की थी तथा वे सभी भाजपा की नीतियों के कारण ‘‘सुरक्षित नहीं’’ हैं।
रमेश ने कहा, ‘‘कांग्रेस द्वारा बनाए गए रेल, सेल, बंदरगाह, हवाई अड्डे सहित देश के बड़े सार्वजनिक उपक्रम आज मोदी की ‘मित्र नीति’ के कारण बेचे जा रहे हैं। हमारी प्राथमिकता जीएसटी में सुधार, अंधाधुंध निजीकरण को रोककर, सार्वजनिक उपक्रमों को पुनर्जीवित करने और रिक्त सरकारी पदों को भरकर छोटे उद्योगों के लिए एक नया आर्थिक मॉडल बनाना है। कांग्रेस का यह दृष्टिकोण ओडिशा समेत पूरे देश में रोजगार पैदा कर सकता है।’’
रमेश ने दावा किया कि ओडिशा में 40 फीसदी युवा पढ़ाई से दूर हैं जबकि एक लाख से ज्यादा सरकारी पद खाली हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ओडिशा से 30 लाख से अधिक लोग नौकरियों की तलाश में दूसरे राज्यों में चले गए हैं, जबकि बाहर से 30 अरबपति उद्योगपति ‘‘मोदी-नवीन पटनायक दोस्ती’’ के संरक्षण में राज्य आए हैं।
कांग्रेस नेता ने ओडिशा की सत्तारूढ़ पार्टी बीजू जनता दल (बीजद) और विपक्षी दल भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे ‘‘छद्म मुकाबले’’ में लगे हुए हैं।
उन्होंने दावा किया कि नवीन पटनायक की अध्यक्षता वाली पार्टी भाजपा की सभी नीतियों, विधेयकों और मुद्दों का खुलकर ‘‘समर्थन’’ कर रही है। रमेश ने बीजद और भाजपा को एक ही सिक्के के दो पहलू बताते हुए कहा, ‘‘बीजद के सांसद मित्र भी निजी तौर पर कहते हैं कि उन्हें भाजपा की नीतियों का समर्थन करने के लिए भुवनेश्वर से निर्देश मिलता है।’’
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)













QuickLY