देश की खबरें | अन्न भाग्य योजना को ‘विफल’ करने का षड्यंत्र रच रही केंद्र सरकार: सिद्धरमैया

बेंगलुरु, 14 जून कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने बुधवार को भाजपा नीत केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि वह कर्नाटक को ‘अन्न भाग्य’ योजना लागू करने के लिए आवश्यक मात्रा में चावल न देकर राज्य की कांग्रेस सरकार की चुनावी गारंटी को “विफल” करने का षड्यंत्र रच रही है।

अन्न भाग्य योजना के तहत गरीबों को अतिरिक्त मात्रा में चावल दिए जाते हैं।

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार मुद्दे पर राजनीति कर रही है।

सिद्धरमैया ने केंद्र सरकार पर जरूरतमंदों को लाभ पहुंचाने वाली योजना में रोड़े अटकाने का आरोप लगाते हुए उसे “गरीब-विरोधी” करार दिया।

उन्होंने कहा कि कर्नाटक सरकार अन्य स्रोतों और उत्पादक राज्यों से चावल प्राप्त करने के लिए सभी प्रयास कर रही है ताकि वादे के अनुसार समय पर ये जरूरतमंदों को दिए जा सकें।

सिद्धरमैया ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा, “केंद्र सरकार ने राजनीतिक फैसला लेते हुए हमें चावल उपलब्ध कराने पर सहमति जताई। उनके भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) ने चावल उपलब्ध कराने को लेकर सहमति जताई, जिसके आधार पर हमने एक जुलाई से गरीबों को चावल प्रदान करने का वादा किया। कर्नाटक में हमें इतना चावल नहीं मिल सकता ... चावल देने के लिए सहमति जताने के बाद अब वे कह रहे हैं कि वे ऐसा नहीं कर सकते।”

इस बीच, कर्नाटक सरकार ने बुधवार को कहा कि घरेलू इस्तेमाल के लिए 200 यूनिट तक मुफ्त बिजली प्रदान करने से संबंधित गृह ज्योति योजना के लिए पंजीकरण बृहस्पतिवार से शुरू होना था, लेकिन इसे 18 जून तक के लिए स्थगित कर दिया गया है।

ऊर्जा विभाग ने एक बयान में कहा कि पंजीकरण 18 जून से शुरू होगा।

विभाग ने कहा कि लाभार्थियों को योजना का लाभ उठाने के लिए ‘सेवा सिंधु’ पोर्टल पर पंजीकरण करना होगा।

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