देश की खबरें | सीबीआई ने रिश्वतखोरी के आरोप में एनएचएआई के महाप्रबंधक और तीन अन्य व्यक्तियों को गिरफ्तार किया

नयी दिल्ली, 24 मार्च केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के एक महाप्रबंधक और एक निजी कंपनी के महाप्रबंधक समेत तीन अन्य लोगों को 15 लाख रुपये की कथित रिश्वतखोरी के सिलसिले में गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

सीबीआई ने एक बयान में कहा कि एनएचएआई के आरोपी महाप्रबंधक रामप्रीत पासवान ने एनएचएआई के अनुबंधों/कार्यों से संबंधित बिल की मंजूरी देने में अनुचित पक्षधरता के लिए कथित तौर पर 15 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी।

पासवान के अलावा सीबीआई ने ‘राम कृपाल सिंह कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड’ के महाप्रबंधक (जीएम) सुरेश महापात्रा को भी गिरफ्तार किया है।

इस कंपनी के दो कर्मचारियों-- बरुण कुमार और चेतन कुमार को भी गिरफ्तार किया गया है।

गिरफ्तार लोगों के अलावा, सीबीआई ने एनएचएआई क्षेत्रीय कार्यालय, पटना में तैनात मुख्य महाप्रबंधक (सीजीएम) और क्षेत्रीय अधिकारी (आरओ) वाई बी सिंह, उप महाप्रबंधक कुमार सौरभ, परियोजना निदेशक ललित कुमार, निर्माण स्थल इंजीनियर अंशुल ठाकुर और ‘एजीएम अकाउंट्स’ हेमेन मेधी को भी प्राथमिकी में नामजद किया है।

सीबीआई ने ‘राम कृपाल सिंह कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड’ और उसके एक अन्य महाप्रबंधक अमर नाथ झा को भी प्राथमिकी में आरोपी बनाया है।

जांच एजेंसी ने कहा, “इस संबंध में की गई तलाशी में (लगभग) 1.18 करोड़ रुपये नकद बरामद हुए हैं।”

अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई ने आरोपी महाप्रबंधक और एक निजी कंपनी के कर्मचारी के बीच बैठक वाले स्थल पर छापा मारा, जहां रिश्वत का आदान-प्रदान होने के तुरंत बाद दोनों को पकड़ लिया गया।

बयान में कहा गया है, "सीबीआई ने पटना, मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, बेगूसराय, पूर्णिया, रांची और वाराणसी में आरोपियों के आवासीय और आधिकारिक परिसरों में तलाशी ली, जिसमें (लगभग) 1,18,85,000 रुपये, अभियोजनयोग्य दस्तावेज दस्तावेज और डिजिटल उपकरण बरामद हुए।"

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