मुंबई, 29 अगस्त सड़क और नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में कुल पूंजीगत व्यय 2023-24 और 2024-25 में इससे पिछले दो वित्त वर्षों की तुलना में 35 प्रतिशत बढ़कर 13 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच का अनुमान है।
रेटिंग एजेंसी क्रिसिल ने मंगलवार को एक रिपोर्ट में कहा कि अनुकूल नीतियों, निवेशकों की बढ़ती रुचि और परियोजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी से दोनों क्षेत्रों में पूंजी व्यय बढ़ने की उम्मीद है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि चालू वित्त वर्ष और अगले वित्त वर्ष में सड़क निर्माण और नवीकरणीय ऊर्जा में क्षमता वृद्धि में क्रमशः 25 प्रतिशत और 33 प्रतिशत रहने की उम्मीद है। इसके साथ मध्यम अवधि में पूंजीगत व्यय वृद्धि जारी रहने की उम्मीद है।
क्रिसिल रेटिंग्स के प्रबंध निदेशक गुरप्रीत चटवाल ने कहा कि नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं के क्रियान्वयन की गति चालू और अगले वित्त वर्ष में 33 प्रतिशत बढ़कर 20,000 मेगावाट सालाना हो जाएगी। जबकि पिछले दो वित्त वर्ष में यह 15,000 मेगावाट सालाना थी। मार्च, 2023 तक 50,000 मेगावाट क्षमता की परियोजनाएं क्रियान्वयन योग्य स्तर पर थी।
इसी तरह, जिस तरीके से परियोजनाओं का आवंटन हुआ है और उसके क्रियान्वयन में तेजी है, चालू और अगले वित्त वर्ष में सड़क निर्माण 25 प्रतिशत बढ़कर क्रमश: 12,500 से 13,000 किलोमीटर सालाना हो जाएगा।
रेटिंग एजेंसी के वरिष्ठ निदेशक मनीष गुप्ता ने कहा कि पिछले दो साल में आक्रामक बोलियां देखी गई हैं। वहीं क्रियान्वयन के स्तर पर कोई खास चुनौती नहीं है।
गुप्ता ने कहा कि निवेशकों की रुचि उत्साहजनक रही है। इन दोनों क्षेत्रों में पिछले दो वित्त वर्ष में इक्विटी और संपत्तियों को बाजार पर चढ़ाकर 75,000 से 80,000 करोड़ रुपये जुटाये गये हैं।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)











QuickLY