कोलकाता, 25 मई : पश्चिम बंगाल में भारत-बांग्लादेश सीमा पर एक दूरदराज के गांव में तैनात सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) की इकाई ने स्थानीय महिलाओं को लाभकारी रोजगार प्रदान करने के लिए पहला अगरबत्ती निर्माण कार्यक्रम शुरू किया है. अधिकारियों ने यह जानकारी दी. बैभव समृद्धि सीमा सुगंध अगरबत्ती परियोजना की शुरुआ 22 मई को नादिया जिले के हुडापारा गांव में की गई.
बीएसएफ के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि बीएसएफ की 32वीं बटालियन ने गांव की महिलाओं को प्रशिक्षण देने के लिए कोलकाता के एक विशेषज्ञ की सेवाएं ली हैं और वह कच्चा माल जुटाने व अंतिम उत्पाद तैयार करने में मदद कर रहे हैं. उद्घाटन के दिन 400 से अधिक पैकेट बेचे गए. उन्होंने कहा कि ग्राहक स्थानीय ग्रामीण और क्षेत्र में स्थित विभिन्न बीएसएफ शिविरों के कर्मी थे. यह भी पढ़ें : भारत की मिश्रित टीम ने जूनियर निशानेबाजी विश्व कप के 10 मीटर एयर राइफल का रजत और कांस्य जीता
प्रत्येक पैकेट की कीमत 25 रुपये है, जिसमें 40 अगरबत्ती हैं. अधिकारियों ने बताया कि महिलाएं लाभ से कच्चा माल खरीद रही हैं और उम्मीद है कि यह कार्य स्थायी उद्यम के रूप में जारी रहेगा. बटालियन के कमांडिंग ऑफिसर सुजीत कुमार ने ‘पीटीआई-’ को बताया, "इसका उद्देश्य सीमावर्ती आबादी को सार्थक रूप से जोड़ना और स्थानीय महिलाओं के लिए आय का एक स्थायी स्रोत सुनिश्चित करना है."













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