ब्रिटेन के राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय ने बुधवार को जारी आंकड़ों में यह जानकारी दी। इसके मुताबिक, जुलाई महीने में अर्थव्यवस्था का आकार एक साल पहले की समान अवधि के मुकाबले आधा प्रतिशत घट गया।
सांख्यिकी कार्यालय ने इस गिरावट के लिए जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल से स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़े असर और बहुत अधिक बारिश होने से आर्थिक गतिविधियों में आई नरमी को जिम्मेदार बताया। इसके पहले जून में तेजी का माहौल रहा था।
ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था में आई गिरावट से इसके मंदी में चले जाने की आशंका को अधिकतर अर्थशास्त्रियों ने खारिज किया है। उनका कहना है कि मासिक वृद्धि आंकड़े ऊपर-नीचे होने के बावजूद वृद्धि में तेजी जारी रहने की उम्मीद है।
आईएनजी में विकसित बाजारों के विशेषज्ञ अर्थशास्त्री जेम्स स्मिथ ने कहा, "ब्रिटेन में मंदी को नकारा नहीं जा सकता है लेकिन अर्थव्यवस्था अब भी आंशिक रूप से ही लेकिन बढ़ रही है।"
जुलाई में वृद्धि दर घटने के बावजूद वित्तीय बाजारों को लग रहा है कि बैंक ऑफ इंगलैंड अगले हफ्ते एक बार फिर नीतिगत ब्याज दर बढ़ा सकता है। मुद्रास्फीति का 6.8 प्रतिशत पर रहना इसके पीछे एक बड़ी वजह है।
एपी प्रेम
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)












QuickLY