जरुरी जानकारी | ब्रिक्स संचार मंत्री बैठक: धोत्रे ने कोविड-19 से निपटने की भारत की प्रौद्योगिकी पहलों को साझा किया

नयी दिल्ली, 17 सितंबर संचार और सूचना प्रौद्योगिकी राज्यमंत्री संजय धोत्रे ने कोविड-19 संकट के दौरान दूरसंचार नेटवर्क की निरंतरता को बनाए रखने में जमीनी स्तर पर अथक परिश्रम करने वाले कर्मचारियों की बृहस्पतिवार को सराहना की। सरकारी विज्ञप्ति में यह जानकारी दी गई है।

ब्रिक्स देशों के संचार मंत्रियों की बृहस्पतिवार को हुई बैठक में उन्होंने इस महामारी से निपटने के लिए सरकार की प्रौद्योगिकी पहलों का भी जिक्र किया। इसकी मेजबानी रूस के डिजिटल विकास, संचार और मास मीडिया उपमंत्री मैक्सिम परशिन ने की।

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ब्रिक्स देशों में भारत के अलावा ब्राजील, रूस, चीन और दक्षिण अफ्रीका शामिल हैं। इनके संचार मंत्रियों की बैठक प्रतिवर्ष होती। इसकी अध्यक्षता सदस्य देशों के बीच बारी बारी से की जाती है। अगली 2021 की बैठक की मेजबानी भारत करेगा।

धोत्रे ने बैठक में भारत का प्रतिनिधित्व किया। यह ऐसी छठी बैठक थी।

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आधिकारिक बयान के मुताबिक, ‘संजय धोत्रे ने कोविड-19 योद्धाओं के तौर पर दूरसंचार नेटवर्क प्रबंधन के लिए जमीनी स्तर पर काम करने वाले कर्मचारियों की सराहना की।’’

इसके अलावा उन्होंने कोविड-19 से निपटने के लिए सरकार की ‘आरोग्यसेतु ऐप’, ‘कोविड पृथकवास सूचना प्रणाली’ (सिकस), कोविड सावधान और प्रवासी मजदूरों के अपने घर वापस लौटने में सुविधा देने वाली आईसीटी समाधान जैसी प्रौद्योगिकी पहलों का भी उल्लेख किया।

बैठक के दौरान धोत्रे ने भारतनेट परियोजना के तहत 2,50,000 ग्राम पंचायतों को ब्रॉडबैंड से जोड़े जाने और अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह के लिए समुद्र के भीतर फाइबर केबल बिछाने जैसी अन्य परियोजनाओं का भी जिक्र किया।

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