देश की खबरें | बीजद ने ओडिशा में सांप्रदायिक ताकतों को मजबूत किया, पार्टी को रुख स्पष्ट करना चाहिए : राजा

भुवनेश्वर, 18 दिसंबर भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) के महासचिव डी.राजा ने सोमवार को ओडिशा में सत्तारूढ़ बीजू जनता दल (बीजद) पर सांप्रदायिक ताकतों को मजबूत करने का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री नवीन पटनायक नीत पार्टी से संसद में रुख स्पष्ट करने की मांग की।

भुवनेश्वर में भाकपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में हिस्सा लेने आए राजा ने कहा, ‘‘बीजद को संसद में अपना रुख स्पष्ट करने की जरूरत है कि क्या वह भाजपा (भारतीय जनता पार्टी) के नेतृत्व वाली मोदी सरकार के पक्ष में है या उसके खिलाफ है।’’

भाकपा नेता ने कहा कि बीजद ने संसद में मोदी सरकार द्वारा लाए गए सभी ‘जनविरोधी’ विधेयकों का समर्थन किया है, इसलिए पटनायक को आगामी चुनाव से पहले स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।

राजा के संवाददाता सम्मेलन में साझा किए गए बयान में कहा गया है, ‘‘बीजद की भूमिका से ओडिशा में सांप्रदायिक ताकतें मजबूत हुई हैं।’’

क्षेत्रीय पार्टी बीजद ने 2000 से 2009 तक ओडिशा में भाजपा के साथ मिलकर गठबंधन सरकार चलाई थी। यह गठबंधन 2008 में कंधमाल में बड़े पैमाने पर हुई सांप्रदायिक हिंसा के मुद्दे पर टूट गया था। तब पटनायक ने पार्टी की धर्मनिरपेक्ष छवि को लेकर सफाई दी थी।

राजा के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए बीजद के उपाध्यक्ष देबी प्रसाद मिश्रा ने कहा, ‘‘राजा का बयान दुर्भाग्यपूर्ण है। बीजद भगवान जगन्नाथ की संस्कृति में विश्वास करता है, जो सभी जातियों, धर्मों और नस्लों के लोगों खयाल रखता है।’’

भाकपा नेता रामकृष्ण पांडा ने आरोप लगाया कि बीजद और भाजपा के बीच ओडिशा में अघोषित गठबंधन है। उन्होंने कहा, ‘‘इसलिए भाकपा ने आगामी चुनाव में ‘इंडिया’ गठबंधन के तहत दोनों दलों से लड़ने का फैसला किया है।’’

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