देश की खबरें | विधानसभा चुनाव: भाजपा उप्र समेत चार राज्यों में आगे, ‘आप’ ने पंजाब में बाजी मारी

नयी दिल्ली, 10 मार्च भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) राजनीतिक दृष्टि से अहम उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में लगातार दूसरी बार जीत की ओर बढ़ रही है और तीन अन्य राज्यों के रुझानों में बढ़त बनाए हुए है, जबकि आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब में जबरदस्त जीत के साथ इतिहास रचती दिखाई दे रही है।

‘आप’ पंजाब में अपने जबरदस्त प्रदर्शन के साथ राष्ट्रीय स्तर पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराते हुए नजर आ रही है।

देश के पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव के तहत फरवरी और मार्च में मतदान हुआ था। केंद्र में सत्तारूढ़ पार्टी भाजपा दिन के अंत तक इनमें से चार राज्यों में जीत का परचम लहरा सकती है। निर्वाचन आयोग की वेबसाइट पर रुझानों और नतीजों के अनुसार, उत्तराखंड, मणिपुर और गोवा में भाजपा आगे है।

कांग्रेस के हाथों से पंजाब फिसलता नजर आ रहा है और अब इस पार्टी की केवल दो राज्यों-राजस्थान तथा छत्तीसगढ़ में ही सरकार है। उत्तर प्रदेश में कांग्रेस 2.3 मत प्रतिशत के साथ केवल दो सीट पर आगे है।

सभी की निगाहें राजनीतिक रूप से अहम उत्तर प्रदेश पर टिकी हैं, जहां मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार सत्ता में लगातार दूसरी बार काबिज होने की ओर है।

उत्तर प्रदेश की कुल 403 सीट के लिए उपलब्ध रुझानों और नतीजों के अनुसार, सत्तारूढ़ दल 250 सीट पर आगे है। इससे पहले 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने 312 सीट जीती थीं। भाजपा इस बार अपने पिछले प्रदर्शन से भले ही पीछे है, लेकिन वह आधी से अधिक सीट आसानी से जीतती नजर आ रही है। पिछले तीन दशकों से अधिक समय में पहली बार ऐसा होगा, जब कोई दल राज्य में लगातार दूसरी बार सरकार बनाएगा।

चुनाव प्रचार रैलियों में भारी भीड़ जुटाने में सफल रहे अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली समाजवादी पार्टी (सपा) 120 सीट पर बढ़त बनाकर दूसरे स्थान पर है। सपा ने पिछली बार चुनाव में 47 सीट पर जीत हासिल की थी। सपा सहयोगी राष्ट्रीय लोक दल (रालोद) और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (एसबीएसपी) क्रमश: 10 और चार सीट पर आगे है।

भाजपा की सहयोगी पार्टी अपना दल (सोनेलाल) 12 सीट पर आगे है। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाद्रा के राज्य पर विशेष ध्यान देने के बावजूद उनकी पार्टी मात्र दो सीट पर आगे है और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) 12.7 मत प्रतिशत के साथ केवल दो सीट पर बढ़त बनाए हुए है।

राज्य में भाजपा को 41.9 प्रतिशत और सपा को 31.8 प्रतिशत वोट मिलने का अनुमान जताया गया है। इस राज्य में लोकसभा की 80 सीट हैं जहां प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह समेत कई नेताओं ने जोर-शोर से चुनाव प्रचार किया था।

रुझानों में अपनी पार्टी की संभावित जीत की खुशी व्यक्त करते हुए भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय और पार्टी प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि जनता ने प्रधानमंत्री मोदी की नीतियों पर भरोसा जताया है। उनके कई पार्टी सहयोगियों ने खुशी मनाते हुए ‘जय श्री राम’ ट्वीट किया।

दो साल बाद होने वाले आम चुनाव से पहले हुए इन विधानसभा चुनावों को अहम माना जा रहा है। इन चुनावों में ‘आप’ भी दिल्ली से बाहर अपनी पकड़ मजबूत करने में कामयाब होती दिख रही है।

रुझानों और नतीजों के अनुसार, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली पार्टी पंजाब की 117 सीट में से 92 सीट पर बढ़त बनाए हुए है। कांग्रेस 18 सीट पर बढ़त के साथ दूसरे स्थान पर है। शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के पास तीन और भाजपा के पास दो सीट पर बढ़त है।

केजरीवाल ने दिल्ली में पार्टी मुख्यालय में कहा, ‘‘पहले यह क्रांति दिल्ली में हुई, फिर पंजाब में और अब यह पूरे देश में होगी।’’

केजरीवाल ने पार्टी के पंजाब में मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार भगवंत मान के साथ एक फोटो ट्वीट करते हुए लिखा, ‘‘इस इंकलाब के लिए पंजाब के लोगों को बहुत-बहुत बधाई।’’

इस बीच, ‘आप’ नेता राघव चड्ढा ने संगरूर में पार्टी के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार भगवंत मान के किराए के आवास पर पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘ आने वाले दिनों में ‘आप’ एक राष्ट्रीय दल के रूप में उभरेगी....पार्टी राष्ट्रीय स्तर पर कांग्रेस की जगह ले लगी।’’

‘आप’ की मजबूत लहर के बीच पंजाब में शिअद प्रमुख सुखबीर सिंह बादल और कांग्रेस नेता एवं मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी समेत कई बड़े नेता या तो पीछे चल रहे हैं या हार रहे हैं।

मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी को बरनाला जिले की भदौड़ सीट से आप के उम्मीदवार लाभ सिंह उगोके के हाथों हार का सामना करना पड़ा।

शिअद संरक्षक एवं पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल पंजाब के मुक्तसर जिले में अपनी पारंपरिक लंबी सीट से ‘आप’ के गुरमीत सिंह खुडियां से चुनाव हार गए हैं।

कांग्रेस छोड़कर भाजपा के साथ हाथ मिलाने वाले पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह और कांग्रेस की पंजाब इकाई के प्रमुख नवजोत सिंह सिद्धू समेत कई बड़े नेता पीछे हैं।

रुझानों के अनुसार आप को 42 प्रतिशत वोट और कांग्रेस को 22.9 प्रतिशत मत मिलते हुए दिख रहे हैं।

पंजाब में 2017 में विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने 77 सीट जीतकर शिअद-भाजपा गठबंधन का शासन समाप्त किया था। ‘आप’ को उस समय 20 सीट और शिअद-भाजपा को 18 सीट मिली थीं।

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ट्वीट किया, ‘‘जनादेश को विनम्रता से स्वीकार करते हैं। जो लोग जीते हैं उन्हें शुभकामनाएं। सभी कांग्रेस कार्यकर्ताओं और स्वयंसेवियों को उनकी कड़ी मेहनत और समर्पण के लिए बधाई। हम इससे सबक लेंगे और भारत के लोगों के हित में काम करते रहेंगे।’’

मतगणना तेजी से आगे बढ़ने के साथ ही अन्य राज्यों में भी भाजपा का दबदबा बना हुआ है।

गोवा में सत्तारूढ़ दल लगातार तीसरी बार जीत की ओर आगे बढ़ रहा है। भाजपा कुल 40 में से 20 सीट पर आगे है, जबकि उसकी निकटतम प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस 11 सीट पर बढ़त बनाए हुए है। महाराष्ट्र गोमंतक पार्टी (एमजीपी) तीन सीट पर आगे है। ‘आप’ दो सीट और गोवा फॉरवर्ड पार्टी (जीएफपी) एक सीट पर आगे है जबकि निर्दलीय उम्मीदवार तीन सीट पर बढ़त बनाए हुए हैं।

उत्तराखंड की तस्वीर निर्णायक नजर आ रही है। राज्य की सभी 70 सीट के प्राप्त रुझान के अनुसार, भाजपा 48 सीट पर और कांग्रेस 18 सीट पर आगे है। उत्तराखंड में कांग्रेस के महासचिव और प्रदेश चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष हरीश रावत लालकुआं सीट पर भाजपा के मोहन सिंह बिष्ट से पीछे चल रहे हैं। भाजपा नेता एवं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी खटीमा सीट पर पीछे हैं।

मणिपुर की 60 में से 46 सीट के उपलब्ध रुझानों और नतीजों के अनुसार, भाजपा 22 और कांग्रेस तीन सीट पर आगे है। नेशनल पीपुल्स पार्टी छह और नगा पीपुल्स फ्रंट पांच सीट पर बढ़त बनाए हुए है।

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