विजयवाड़ा, 16 अक्टूबर भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई) की 24वीं राष्ट्रीय कांग्रेस में रविवार को एक प्रस्ताव पारित कर अमरावती को आंध्र प्रदेश की एकमात्र राजधानी बनाए रखने की मांग की गई।
पार्टी ने केंद्र और राज्य सरकार से अमरावती को राजधानी बनाए रखने की मांग की।
भाकपा ने राज्य के लिए 'तीन राजधानियां' बनाने से संबंधित वाई. एस. जगन मोहन रेड्डी सरकार के रुख की कड़ी निंदा की और कहा कि इससे लोगों में अनावश्यक क्षेत्रवादी भावनाएं पैदा होंगी।
भाकपा की आंध्र प्रदेश इकाई के सहायक सचिव मुपल्ला नागेश्वर राव ने प्रस्ताव पेश किया, जिसे कांग्रेस ने सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया।
पार्टी ने अपने प्रस्ताव में याद दिलाया कि सितंबर 2014 में विधानसभा में एक प्रस्ताव पारित किया गया था, जिसमें वाईएसआर कांग्रेस सहित सभी दलों ने अमरावती को राज्य की राजधानी के रूप में मंजूरी दी थी।
उल्लेखनीय है कि साल 2019 में सत्ता में आने के बाद जगन मोहन रेड्डी सरकार ने राज्य के लिए तीन राजधानियों की योजना बनाई थी, जिससे अमरावती क्षेत्र के सैकड़ों किसान संकट में पड़ गए थे।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)












QuickLY