वाराणसी/सोनभद्र/बरेली (उत्तर प्रदेश), नौ मार्च वाराणसी और बरेली में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) से जुड़ी अनियमितताओं तथा सोनभद्र में एक डिब्बे से बैलट पर्चियां मिलने के मामलों में सम्बन्धित अफसरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गयी है।
वाराणसी से जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा से मिली जानकारी के अनुसार, पांडेयपुर स्थित पहाड़िया मंडी में बनाये गए मतगणना स्थल पर मंगलवार को ईवीएम को नियम विरुद्ध तरीके से ले जाए जाने को लेकर उठे विवाद के बाद ईवीएम की नोडल अधिकारी, अपर जिलाधिकारी नलिनी कांत सिंह को ईवीएम परिवहन में लापरवाही बरतने पर बुधवार की देर रात तत्काल प्रभाव से निर्वाचन कार्य से हटा दिया गया।
उन्होंने बताया कि कांत के स्थान पर अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) संजय कुमार को ईवीएम प्रभारी बनाया गया है।
जिलाधिकारी ने बताया कि मंगलवार को ईवीएम बदलने को लेकर हुए बवाल के बाद देर रात चुनाव पर्यवेक्षकों और प्रत्याशियों की मौजूदगी में सभी मशीनों की जांच कराई गई।
शर्मा ने बताया कि सभी कंट्रोल यूनिट, बैलट यूनिट और वीवीपैट की जांच करायी गयी। उन्होंने बताया कि इस दौरान अधिकतर पार्टियों के उम्मीदवार और पदाधिकारी मौजूद थे और सभी 20 ईवीएम सेट को मौजूद उम्मीदवारों के संतुष्ट हो जाने पर बक्से में सील कराया गया।
उन्होंने बताया कि यह सभी ईवीएम मतगणना कर्मियों को प्रशिक्षण देने के लिए ले जाई जा रही थी और उनमें से किसी का उपयोग मतदान में नहीं हुआ था।
उधर, सोनभद्र जिले में मतगणना स्थल के बाहर गत मंगलवार को घोरावल तहसील के उप ज़िलाधिकारी रमेश कुमार के वाहन से बॉक्स में से बैलेट पर्चियां मिलने और इसे लेकर सपा कार्यकर्ताओं द्वारा किए गये हंगामे के मामले को गम्भीरता से लेते हुए कुमार को पद से हटा दिया गया है।
जिलाधिकारी टी. के. शीबू ने बताया कि प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अजय कुमार शुक्ल के निर्देश पर घोरावल के उप जिलाधिकारी रमेश कुमार को चुनाव ड्यूटी से हटाकर उनके स्थान पर श्याम प्रताप को तैनात कर दिया गया है।
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