Pakistan Burns: इमरान खान के प्रदर्शनकारियों को देखते ही गोली मारने का आदेश, सार्वजनिक जगहों पर लगा प्रतिबंध; इस्लामाबाद में प्रोटेस्ट के चलते बिगड़े हालात (Watch Video)
पाकिस्तान में इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर राजधानी इस्लामाबाद में हो रहे भयंकर प्रदर्शनों के बीच हालात बेकाबू हो गए हैं. हालात को काबू में करने के लिए पाकिस्तान सरकार ने सेना को "shoot-at-sight" का आदेश जारी कर दिया है.
Pakistan Burns: पाकिस्तान में इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर राजधानी इस्लामाबाद में हो रहे भयंकर प्रदर्शनों के बीच हालात बेकाबू हो गए हैं. NDTV की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच हुई हिंसक झड़पों में चार पुलिसकर्मियों और एक नागरिक की मौत हो गई है. इस घटना के बाद हालात को काबू में करने के लिए पाकिस्तान सरकार ने सेना को "shoot-at-sight" का आदेश जारी कर दिया है. इस समय इस्लामाबाद में सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है और कई सार्वजनिक स्थलों पर प्रतिबंध भी लगा दिए गए हैं.
पाकिस्तान सेना ने यह आदेश सेक्शन 245 के तहत जारी किया है, जो सेना को बाहरी हमलों या युद्ध के खतरे से पाकिस्तान की रक्षा करने का अधिकार देता है. इस आदेश के तहत सेना प्रदर्शनकारियों को देखते ही गोली मार सकती है.
सेना की गोलीबारी में 6 प्रदर्शनकारियों की मौत
#Pakistan burns: 6 killed, army opens fire as #ImranKhan supporters lay siege on #Islamabad
Watch for details pic.twitter.com/I1Qd6IYHBF
— The Times Of India (@timesofindia) November 26, 2024
पाकिस्तानी सेना की वर्दी पहने ये लोग कौन हैं?
Wait a minute—who are those in Pakistan Army uniforms mingling with the protesters? 😳 Seen “guiding” them as they reach the containers. Is the Pak Army subtly switching sides to team IK?
Meanwhile, @PTIofficial workers storm D-Chowk Islamabad, turning it into a spectacle of… pic.twitter.com/2F21GZVXUB
— Ravinder Singh Robin ਰਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ رویندرسنگھ روبن (@rsrobin1) November 26, 2024
बता दें, इमरान खान 2018 से 2022 तक पाकिस्तान के प्रधानमंत्री रहे. उन पर कई गंभीर आरोप लगे हैं, जिनमें धोखाधड़ी, भ्रष्टाचार और देशद्रोह जैसे आरोप शामिल हैं. हालांकि, वे इन आरोपों को साजिश करार देते हुए इसे राजनीतिक षडयंत्र का हिस्सा मानते हैं. इमरान खान को पिछले साल अगस्त में जेल भेजा गया था. पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) पार्टी के समर्थकों ने कई बार सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किए हैं, लेकिन इस बार का प्रदर्शन सबसे बड़ा है.
PTI समर्थकों का प्रदर्शन शांति से शुरू हुआ था, लेकिन पुलिस की कार्रवाई के बाद यह हिंसक हो गया. प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने इसे उग्रवाद करार दिया और कहा कि यह शांतिपूर्ण आंदोलन नहीं, बल्कि खून-खराबे की कोशिश है.
(The above story first appeared on LatestLY on Nov 26, 2024 07:21 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

