Who Is Tilak Varma’s Childhood Coach Salam Bayash? भारतीय राष्ट्रीय क्रिकेट टीम ने रविवार को दुबई के दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में पाकिस्तान राष्ट्रीय क्रिकेट टीम को पांच विकेट से हराकर एशिया कप 2025 का खिताब अपने नाम कर लिया. यह टीम इंडिया का एशिया कप में रिकॉर्ड बढ़ाते हुए नौवां खिताब था. मिडिल ऑर्डर बल्लेबाज़ तिलक वर्मा ने मैच जीताने वाली नाबाद अर्धशतकीय पारी खेली, जिसकी बदौलत भारत ने 147 रन के लक्ष्य को 19.4 ओवर में हासिल कर लिया. बाएं हाथ के इस बल्लेबाज़ ने 53 गेंदों में 69* रनों की शानदार पारी खेली, जिसमें तीन चौके और चार छक्के शामिल थे. अपनी इस मैच जिताऊ पारी के लिए तिलक को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया. अपने इंटरनेशनल डेब्यू के बाद तिलक वर्मा ने बताया था कि कैसे उनके पिता ने उन्हें क्रिकेट अकादमी भेजने के लिए कड़ी मेहनत की थी. हद है भाई! चोर मांगे मोर; एशिया कप ट्रॉफी भारत को सौंपने के लिए मोहसिन नकवी ने रखा ये शर्त
किसी भी क्रिकेटर की यात्रा में पहला कोच बेहद खास होता है. खिलाड़ी के क्रिकेटिंग करियर में पहला कोच उसे सही दिशा में मार्गदर्शन देकर उसके भविष्य को संवारने में बड़ी भूमिका निभाता है. भारतीय बल्लेबाज़ तिलक वर्मा के लिए उनके बचपन के पहले कोच सलाम बयाश थे ऐसे में, आइए जानते हैं कि आखिर कौन हैं तिलक वर्मा के बचपन के कोच सलाम बयाश?
कौन हैं तिलक वर्मा के कोच सलाम बयाश?
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हैदराबाद के क्रिकेट कोच सलाम बयाश को भारतीय सितारे तिलक वर्मा के बचपन के कोच के रूप में जाना जाता है. उनका तिलक से रिश्ता तब शुरू हुआ जब उन्होंने 11 साल के तिलक को टेनिस बॉल क्रिकेट खेलते देखा और उनकी प्रतिभा को पहचानते हुए उन्हें अपने संरक्षण में ले लिया. इसके बाद उन्होंने लेगाला क्रिकेट अकादमी में उन्हें ट्रेनिंग देना शुरू किया, जिसे स्थापित करने में सलाम बयाश ने अहम भूमिका निभाई थी. जो लोग नहीं जानते, उन्हें बता दें कि तिलक के परिवार ने उन्हें तिलक के क्रिकेटिंग करियर का “गॉडफादर” बताया है.
शुरुआती दिनों का संघर्ष, मेहनत रंग लाई
शुरुआती दिनों में सलाम बयाश रोज़ाना तिलक को अपनी टू-व्हीलर पर बिठाकर करीब 40 किलोमीटर तक ले जाते थे, ताकि तिलक एक भी प्रैक्टिस सेशन मिस न करें. जब तिलक को अंडर-14 टीम से बाहर कर दिया गया था, तब भी सलाम ने उन्हें हार मानने नहीं दी. उन्होंने तिलक को और कड़ी मेहनत करवाई और उनके सपने को जिंदा रखा. आखिरकार सलाम बयाश की मेहनत रंग लाई और तिलक वर्मा ने 2018 में आंध्र प्रदेश के खिलाफ हैदराबाद की ओर से अपना डेब्यू किया। इसके बाद 2019 में उन्होंने लिस्ट-ए क्रिकेट में पदार्पण किया.
2022 में जब इंडियन प्रीमियर लीग की फ्रेंचाइजी मुंबई इंडियंस ने उन्हें अपनी टीम में शामिल किया, तो उनके करियर को नई उड़ान मिली. अगस्त 2023 में उन्होंने वेस्टइंडीज के खिलाफ भारत के लिए T20I डेब्यू किया, और सितंबर 2023 में बांग्लादेश के खिलाफ वनडे डेब्यू किया.
सलाम बयाश खेल की दुनिया में एक प्रेरणादायक कोच के रूप में जाने जाते हैं, जिन्होंने संघर्षों के बावजूद निरंतरता बनाए रखी. आज भी उनका तिलक वर्मा और उनके परिवार से घनिष्ठ रिश्ता है. वे हैदराबाद में लेगाला क्रिकेट अकादमी चलाते हैं और नए युवा खिलाड़ियों को निखारने का काम कर रहे हैं। साथ ही वे नालगोंडा लायंस टीम के पूर्व फील्डिंग कोच भी रह चुके हैं. अपने शिष्य को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कामयाबी हासिल करते देख वे बेहद गर्व महसूस करते हैं.













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