VIDEO: ओये सिस्टर, मेरी बेटी को सेनेटरी पैड चाहिए… IndiGo की देरी से बढ़ा हंगामा, एयरपोर्ट पर फंसे पिता ने बेटी के लिए लगाई गुहार
सोशल मीडिया पर ऐसा ही एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक परेशान पिता अपनी बेटी के लिए सैनिटरी पैड मांगते हुए दिखाई देता है. लंबी देरी के कारण बेटी घंटों ट्रांजिट में फंसी हुई थी और उसे तुरंत जरूरत थी.
IndiGo Flight Delay News: इंडिगो की उड़ानों में लगातार देरी और कैंसिलेशन के चलते देशभर के एयरपोर्ट्स पर अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है. चार दिन से चल रही इस अव्यवस्था ने हजारों यात्रियों को मुश्किल में डाल दिया है. सोशल मीडिया पर ऐसा ही एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक परेशान पिता अपनी बेटी के लिए सैनिटरी पैड मांगते हुए दिखाई देता है. लंबी देरी के कारण बेटी घंटों ट्रांजिट में फंसी हुई थी और उसे तुरंत जरूरत थी.
स्टाफ की बेरुखी से भड़के यात्री
स्टाफ की बेरुखी से भड़के यात्री
वीडियो में देखा जा सकता है कि पिता बार-बार स्टाफ से विनती करता है, "मेरी बेटी को पैड चाहिए... नीचे से खून आ रहा है." लेकिन शुरुआत में ग्राउंड स्टाफ कोई मदद करता नजर नहीं आता. पिता जब जोर से बोलते हुए आगे बढ़ते हैं, तो मैनेजर कहते दिखता है, "सर, हम ऐसा नहीं कर सकते." इस जवाब से यात्रियों में और नाराज़गी फैल गई. पीछे खड़े अन्य लोग भी देरी और बदइंतजामी को लेकर गुस्सा जाहिर करते दिखे.
देश में उड़ानें रद्द, बिगड़ा शेड्यूल
दिल्ली एयरपोर्ट पर शुक्रवार रात तक इंडिगो की सभी उड़ानें रद्द कर दी गईं. वहीं बेंगलुरु में सुबह ही 100 से ज्यादा उड़ानें कैंसिल करनी पड़ीं. कई शहरों में यही हाल रहा, जहां ऑपरेशनल दिक्कतों के चलते कंपनी उड़ान शेड्यूल संभालने में नाकाम दिखी. यात्रियों को घंटों कतारों में इंतजार करना पड़ा और शिकायत करने पर भी उन्हें स्पष्ट जानकारी नहीं मिल पाई.
अव्यवस्था अभी 2-3 दिन चलेगी
इंडिगो ने DGCA को जानकारी दी है कि उड़ानों की स्थिति आगे भी कुछ दिनों तक बिगड़ी रह सकती है. कंपनी 8 दिसंबर से अपनी फ्लाइट संख्या कम करने की योजना बना रही है, ताकि शेड्यूल पर पकड़ बनाई जा सके. एयरलाइन का अनुमान है कि ऑपरेशंस फरवरी 2026 तक ही पूरी तरह सामान्य हो पाएंगे. कंपनी ने DGCA से नाइट फ्लाइंग रूल्स में छूट की भी मांग की है.
DGCA ने मांगी विस्तृत रिपोर्ट
एविएशन रेगुलेटर ने इंडिगो से पूछा है कि क्रू की कमी, नए विमानों की तैनाती, ट्रेनिंग और स्टाफ मैनेजमेंट को सुधारने के लिए उनकी ठोस योजना क्या है. उधर सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो ने कंपनी की छवि को और नुकसान पहुंचाया है. लोग पूछ रहे हैं कि घंटों फंसे यात्रियों को बुनियादी जरूरतें तक क्यों नहीं दी जा सकीं.