OLX पर बिक रहा है केरल में खड़ा ब्रिटिश F-35 फाइटर जेट? जानें इस वायरल खबर की सच्चाई
केरल में तकनीकी खराबी के कारण उतरे ब्रिटिश F-35B फाइटर जेट को OLX पर बेचने का दावा करने वाली पोस्ट पूरी तरह से फर्जी है. असली विमान अभी भी मरम्मत के लिए हवाई अड्डे पर खड़ा है और उसकी सुरक्षा CISF कर रही है. यह वायरल पोस्ट सिर्फ एक मज़ाक थी, जिसका सच्चाई से कोई लेना-देना नहीं है.
आजकल सोशल मीडिया पर क्या कुछ वायरल नहीं होता. ऐसी ही एक मज़ेदार लेकिन झूठी खबर केरल से आई है, जहां एक ब्रिटिश लड़ाकू विमान F-35B को OLX पर बेचने का दावा किया गया. आइए जानते हैं कि आखिर पूरा मामला क्या है और इस दावे में कितनी सच्चाई है.
मामला क्या है?
हाल ही में, ब्रिटेन का एक F-35B फाइटर जेट तकनीकी खराबी के कारण केरल के तिरुवनंतपुरम हवाई अड्डे पर अचानक उतरा. यह दुनिया के सबसे महंगे और आधुनिक लड़ाकू विमानों में से एक है और तब से यह वहीं खड़ा है.
वायरल पोस्ट में क्या था?
इसी बीच, सोशल मीडिया पर एक स्क्रीनशॉट वायरल हो गया. यह स्क्रीनशॉट OLX की एक पोस्ट जैसा लग रहा था, जिसमें इसी F-35 फाइटर जेट की तस्वीर थी. पोस्ट में लिखा था कि यह विमान 4 मिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग 33 करोड़ रुपये) में बिकाऊ है.
मज़ाक की बात तो यह है कि पोस्ट में विमान की खासियतें भी बताई गई थीं, जैसे - ऑटोमैटिक पार्किंग, एकदम नए टायर और नई बैटरी. ये सारी बातें किसी कार के विज्ञापन जैसी लग रही थीं.
क्या यह खबर सच है?
नहीं, यह वायरल पोस्ट पूरी तरह से नकली है. यहाँ कुछ कारण दिए गए हैं जिनसे यह साफ़ हो जाता है:
OLX पर कोई पोस्ट नहीं: जब OLX की आधिकारिक वेबसाइट पर खोजबीन की गई, तो ऐसी कोई भी पोस्ट नहीं मिली.
कीमत डॉलर में क्यों?: OLX पर भारत में, खासकर केरल से, बेचे जाने वाले सामान की कीमत भारतीय रुपये में होती है, न कि अमेरिकी डॉलर में. यह इस बात का एक और बड़ा सबूत है कि पोस्ट मनगढ़ंत थी.
तो फिर असली कहानी क्या है?
असली कहानी यह है कि यह ब्रिटिश F-35B फाइटर जेट ब्रिटेन के 'HMS प्रिंस ऑफ वेल्स' विमानवाहक पोत का हिस्सा है. यह पोत हिंद-प्रशांत क्षेत्र में तैनात है और इसने हाल ही में भारतीय नौसेना के साथ मिलकर सैन्य अभ्यास भी किया था.
विमान के हाइड्रोलिक सिस्टम में कुछ तकनीकी खराबी आ गई है, जिसे ठीक करने के लिए ब्रिटिश इंजीनियर लगातार काम कर रहे हैं. जब तक यह ठीक नहीं हो जाता, विमान कहीं नहीं जा सकता. इसकी सुरक्षा की ज़िम्मेदारी केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) को सौंपी गई है.
तो अगली बार जब आप ऐसी कोई अजीब खबर देखें, तो यकीन करने से पहले उसकी सच्चाई जरूर परख लें.