त्योहार

Happy Mahavir Jayanti 2021 HD Images: महावीर जयंती के इन मनमोहक WhatsApp Stickers, Facebook Greetings. GIF Wishes, Photos के जरिए दें बधाई

जैन धर्म के लोग 24वें तीर्थंकर भगवान महावीर के जन्मोत्सव को हर्षोल्लास से मनाते हैं. इस खास अवसर पर जैन मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना की जाती है और इस समुदाय के लिए एक-दूसरे को बधाई देते हैं. आप भी इस खास अवसर पर महावीर जयंती के इन मनमोहक एचडी इमेजेस, वॉट्सऐप स्टिकर्स, फेसबुक ग्रीटिंग्स, जीआईएफ विशेज, फोटोज के जरिए अपनों को बधाई दे सकते हैं.

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महावीर जयंती 2021 (Photo Credits: File Image)

Happy Mahavir Jayanti 2021 HD Images: जैन धर्म के 24वें तीर्थंकर भगवान महावीर (Lord Mahavir) का जन्म हिंदू पंचांग के अनुसार चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि को बिहार के कुंडग्राम/कुंडलपुर वैशाली में हुआ था, इसलिए हर साल चैत्र शुक्ल के 13वें दिन महावीर जयंती (Mahavir Jayanti) यानी महावीर जन्मोत्सव का पर्व मनाया जाता है. जैन धर्म के लोगों के लिए यह पर्व बेहद खास माना जाता है. कहा जाता है कि कठोर तपस्या के बाद वैशाख शुक्ल की दशमी तिथि को ऋजुबालुका नदी के तट पर उन्हें कैवल्य ज्ञान की प्राप्ति हुई थी. महावीर को बचपन में वर्धमान कहकर पुकारा जाता था, उनके पिता का नाम सिद्धार्थ और माता का नाम त्रिशला था. आज महावीर जयंती का त्योहार मनाया जा रहा है.

जैन धर्म के लोग 24वें तीर्थंकर भगवान महावीर के जन्मोत्सव को हर्षोल्लास से मनाते हैं. इस खास अवसर पर जैन मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना की जाती है और इस समुदाय के लिए एक-दूसरे को बधाई देते हैं. आप भी इस खास अवसर पर महावीर जयंती के इन मनमोहक एचडी इमेजेस, वॉट्सऐप स्टिकर्स, फेसबुक ग्रीटिंग्स, जीआईएफ विशेज, फोटोज के जरिए अपनों को बधाई दे सकते हैं.

1- महावीर जयंती 2021

महावीर जयंती 2021 (Photo Credits: File Image)

2- महावीर जयंती 2021

महावीर जयंती 2021 (Photo Credits: File Image)

3- महावीर जयंती 2021

महावीर जयंती 2021 (Photo Credits: File Image)

4- महावीर जयंती 2021

महावीर जयंती 2021 (Photo Credits: File Image)

5- महावीर जयंती 2021

महावीर जयंती 2021 (Photo Credits: File Image)

एक राजा का पुत्र होने के बावजूद महावीर स्वामी विलासिता, क्रोध, मोह और लोभ पर विजय प्राप्त करने को सही मायनों में विजय मानते थे. वो जैसे-जैसे बड़े होते गए वैसे-वैसे शाही ऐशो-आराम, सुख-ऐश्वर्य से उनका मन खिन्न होने लगा. करीब 30 साल की उम्र में वो अपना राज पाट और घर बार छोड़कर ज्ञान प्राप्ति के लिए जंगलों में चले गए. उन्होंने करीब 12 साल तक कठोर तपस्या की, जिसके बाद उन्हें कैवल्य ज्ञान की प्राप्ति हुई. महावीर जयंती पर तमाम जैन मंदिरों को सजाया जाता है और इस पर्व को जैन मत मानने वालों के अलावा दूसरे समुदाय के लोग भी मनाते हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Apr 25, 2021 09:00 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).