वैष्णो देवी यात्रा रूट पर लैंडस्लाइड से मची तबाही, 31 लोगों की मौत, जम्मू-कश्मीर में बारिश का रेड अलर्ट
पूरे जम्मू में बाढ़ जैसे हालात हैं, बचाव कार्य जारी है और मौसम विभाग ने रेड अलर्ट घोषित किया है (Photo : X)

नई दिल्ली: जम्मू-कश्मीर (Jammu and Kashmir) में इस समय कुदरत का कहर देखने को मिल रहा है. लगातार हो रही भारी बारिश (Heavy Rain) के कारण हालात बेहद गंभीर हो गए हैं. सबसे दर्दनाक खबर कटरा स्थित माता वैष्णो देवी यात्रा (Mata Vaishno Devi Yatra) से आ रही है, जहां बुधवार को हुए एक भयानक भूस्खलन (Landslide) में कम से कम 31 श्रद्धालुओं की मौत हो गई और 23 लोग घायल बताए जा रहे हैं.

यात्रा मार्ग पर तबाही का मंजर

त्रिकुटा की पहाड़ियों पर हुआ यह लैंडस्लाइड इतना बड़ा था कि मंदिर की ओर जाने वाले रास्ते का एक बड़ा हिस्सा मलबे में तब्दील हो गया. बचाव अभियान (Rescue Operation) तुरंत शुरू कर दिया गया है. NDRF, SDRF और स्थानीय प्रशासन की टीमें लगातार मलबा हटाने और दबे हुए लोगों को निकालने में जुटी हैं. अधिकारियों को डर है कि मलबे के नीचे और भी लोग फंसे हो सकते हैं, जिससे मरने वालों की संख्या बढ़ सकती है.

पूरे जम्मू में बाढ़ और बारिश से बिगड़े हालात

यह तबाही सिर्फ कटरा तक सीमित नहीं है. पूरे जम्मू संभाग में बाढ़ (Jammu Floods) और लगातार बारिश ने जन-जीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है. मंगलवार को जम्मू में 6 घंटे के अंदर 22 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई, जो एक रिकॉर्ड है. इस वजह से कई पुल ढह गए, बिजली की लाइनें टूट गईं और मोबाइल टावरों को भी भारी नुकसान (Infrastructure Damage) पहुंचा है.

राहत की बात यह है कि आधी रात के बाद बारिश थोड़ी थमी, जिससे बचाव कार्य में कुछ मदद मिली. अब तक 3,500 से ज्यादा लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया जा चुका है. भारतीय सेना (Indian Army) और स्थानीय वॉलंटियर्स भी बचाव कार्य में मदद कर रहे हैं. प्रभावित लोगों के लिए अस्थायी शेल्टर बनाए गए हैं, जहां उन्हें खाना, पानी और मेडिकल मदद दी जा रही है.

संपर्क टूटा, आज भी भारी बारिश का खतरा

इस आपदा के बीच एक और बड़ी चुनौती टेलीकॉम ब्लैकआउट (Telecom Blackout) है, जिसकी वजह से लाखों लोगों का अपनों से संपर्क टूट गया है. प्रशासन की पहली प्राथमिकता हाई-रिस्क वाले इलाकों से लोगों को सुरक्षित निकालना है.

मौसम विभाग (Weather Department) ने आज के लिए भी जम्मू और आसपास के इलाकों में भारी बारिश और तूफान का रेड अलर्ट (Red Alert) जारी किया है. जम्मू शहर, सांबा, कठुआ और ऊधमपुर जैसे कई इलाके सबसे ज्यादा प्रभावित हैं.

22 ट्रेनें रद्द, यातायात पर बड़ा असर

भारी बारिश और बाढ़ का असर रेल यातायात पर भी पड़ा है. नॉर्दर्न रेलवे (Northern Railway) ने बुधवार को 22 ट्रेनें रद्द (Train Cancellation) कर दी हैं और 27 ट्रेनों को उनके गंतव्य से पहले ही रोक दिया है. वैष्णो देवी के बेस कैंप कटरा से चलने वाली 9 ट्रेनें भी प्रभावित हुई हैं. चक्की नदी में आई बाढ़ के कारण पठानकोट और हिमाचल प्रदेश के बीच भी रेल सेवा रोक दी गई है.