देश

एस जयशंकर ने दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग का किया स्वागत, बोले- पीएम नरेंद्र मोदी के साथ बातचीत से मजबूत होगी साझेदारी

भारत और दक्षिण कोरिया के बीच सांस्कृतिक संबंध भी लगातार मजबूत हो रहे हैं. भारत में कोरियाई संस्कृति की लोकप्रियता बढ़ रही है, वहीं दक्षिण कोरिया में भारतीय परंपराओं के प्रति रुचि बढ़ी है. ऐसे में यह दौरा दोनों देशों के बीच रणनीतिक, आर्थिक और सांस्कृतिक संबंधों को नई मजबूती देने वाला साबित हो सकता है.

एस जयशंकर ने दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग का किया स्वागत, बोले- पीएम नरेंद्र मोदी के साथ बातचीत से मजबूत होगी साझेदारी
(Photo Credits Twitter)

New Delhi, April 19: भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग से मुलाकात की और कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उनकी आगामी वार्ता भारत-दक्षिण कोरिया संबंधों को और मजबूत करेगी. उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कहा कि यह मुलाकात दोनों देशों के बीच विशेष रणनीतिक साझेदारी को नई दिशा देगी.

दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग अपनी पत्नी किम हे-क्यूंग के साथ भारत के राजकीय दौरे पर पहुंचे हैं. यह पिछले आठ वर्षों में किसी दक्षिण कोरियाई नेता की पहली भारत यात्रा है, जिसे दोनों देशों के रिश्तों के लिए अहम माना जा रहा है. इस यात्रा को “स्पेशल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप” को फिर से मजबूत करने के तौर पर देखा जा रहा है.

भारत और दक्षिण कोरिया ने 2015 में अपने संबंधों को स्पेशल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप का दर्जा दिया था. इसके बाद से दोनों देशों के बीच सहयोग कई क्षेत्रों में तेजी से बढ़ा है. इनमें उन्नत विनिर्माण, सेमीकंडक्टर, रक्षा उत्पादन, हरित ऊर्जा, इंफ्रास्ट्रक्चर और डिजिटल इनोवेशन जैसे क्षेत्र शामिल हैं.

दक्षिण कोरियाई कंपनियां भारत के औद्योगिक और उपभोक्ता क्षेत्रों में तेजी से अपनी उपस्थिति बढ़ा रही हैं, वहीं भारतीय कंपनियां भी कोरियाई बाजार में विस्तार कर रही हैं. इस यात्रा से व्यापार और निवेश के नए अवसरों पर भी चर्चा होने की उम्मीद है.

राष्ट्रपति ली जे-म्युंग की यात्रा के दौरान कई अहम कार्यक्रम तय किए गए हैं. वह विदेश मंत्रालय के अधिकारियों से मुलाकात करेंगे और सोमवार को उन्हें राष्ट्रपति भवन में औपचारिक स्वागत दिया जाएगा. इसके बाद वह राजघाट जाकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देंगे.

इस दौरे का मुख्य आकर्षण हैदराबाद हाउस में होने वाली द्विपक्षीय वार्ता होगी, जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति ली जे-म्युंग के बीच विस्तृत चर्चा होगी. इस दौरान कई अहम समझौता ज्ञापनों (MoUs) पर हस्ताक्षर होने की संभावना है, जिनमें सेमीकंडक्टर, हरित ऊर्जा, रक्षा उत्पादन और व्यापार सहयोग प्रमुख होंगे.

 

भारत ने दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति का स्वागत किया, साझेदारी को गहरा करने की बात की:

राष्ट्रपति ली जे-म्युंग भारत मंडपम में आयोजित बिजनेस फोरम में भी भाग लेंगे, जहां दोनों देशों के उद्योग जगत के प्रतिनिधि निवेश और सप्लाई चेन को लेकर चर्चा करेंगे. दौरे के अंत में वह भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भी मुलाकात करेंगे.

भारत और दक्षिण कोरिया के बीच सांस्कृतिक संबंध भी लगातार मजबूत हो रहे हैं. भारत में कोरियाई संस्कृति की लोकप्रियता बढ़ रही है, वहीं दक्षिण कोरिया में भारतीय परंपराओं के प्रति रुचि बढ़ी है. ऐसे में यह दौरा दोनों देशों के बीच रणनीतिक, आर्थिक और सांस्कृतिक संबंधों को नई मजबूती देने वाला साबित हो सकता है.

(The above story first appeared on LatestLY on Apr 19, 2026 09:38 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).