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Maharashtra: मोहन भागवत को शिंदे गुट से सतर्क रहना चाहिए, वे RSS कार्यालय पर कब्जा कर सकते हैं: उद्धव ठाकरे

उद्धव ठाकरे ने एकनाथ शिंदे पर निशाना साधते हुए कहा कि आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत को सतर्क रहना चाहिए क्योंकि शिंदे गुट की संघ कार्यालय पर ‘‘बुरी नजर’’ है और वे उस पर कब्जा कर सकते हैं.

Maharashtra: मोहन भागवत को शिंदे गुट से सतर्क रहना चाहिए, वे RSS कार्यालय पर कब्जा कर सकते हैं: उद्धव ठाकरे
एकनाथ शिंदे व उद्धव ठाकरे (Photo: Twitter)

नागपुर, 29 दिसंबर: शिवसेना के एक धड़े के प्रमुख उद्धव ठाकरे ने बृहस्पतिवार को पार्टी के प्रतिद्वंद्वी खेमे का नेतृत्व कर रहे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे पर निशाना साधते हुए कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रमुख मोहन भागवत को सतर्क रहना चाहिए क्योंकि शिंदे गुट की संघ कार्यालय पर ‘‘बुरी नजर’’ है और वे उस पर कब्जा कर सकते हैं. UP: बीजेपी और कांग्रेस दोनों एक ही हैं, हमें भारत जोड़ो यात्रा में शामिल होने का न्योता नहीं मिला: अखिलेश यादव

शिंदे और उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नागपुर के रेशमबाग इलाके में आरएसएस संस्थापक डॉ के.बी. हेडगेवार के स्मारक ‘हेडगेवार स्मृति मंदिर’ का दौरा करने के कुछ घंटे बाद ठाकरे का यह बयान आया है. दोनों नेताओं ने डॉ हेडगेवार और आरएसएस विचारक एम.एस. गोलवलकर के स्मारकों पर श्रद्धांजलि अर्पित की. वे संघ के पदाधिकारियों से भी मिले.

ठाकरे ने शिंदे पर हमला बोलते हुए यह भी कहा कि जिनमें कुछ भी बनाने का साहस नहीं होता है, वे ‘‘चुराने और हथियाने’’ का सहारा लेते हैं. ठाकरे और शिंदे गुटों के बीच बुधवार शाम दक्षिण मुंबई में बृहन्मुंबई महानगरपालिक (बीएमसी) मुख्यालय स्थित पार्टी कार्यालय में तीखी नोकझोंक हुई. पुलिस के हस्तक्षेप करने तक परिसर में एक घंटे तक तनाव की स्थिति बनी रही.

नागपुर में विधान भवन परिसर में प्रेस वार्ता के दौरान उद्धव ठाकरे ने आरोप लगाया, ‘‘कल, उन्होंने मुंबई में हमारे बीएमसी कार्यालय पर कब्जा करने की कोशिश की. आज वे आरएसएस कार्यालय गए. चूंकि आरएसएस मजबूत है, इसलिए वे इसके कार्यालय पर कब्जा नहीं कर सके. लेकिन, आरएसएस को अब से सतर्क रहने की जरूरत है...उनकी (शिंदे) बुरी नजर है.’’

ठाकरे की टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा के प्रदेश प्रमुख चंद्रशेखर बावनकुले ने उन पर ‘‘गिरगिट से भी जल्दी रंग बदलने’’ का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि वह मुख्यमंत्री पर ठाकरे के बयान से दुखी हैं, और कहा कि शिवसेना नेता शिंदे की रेशमबाग यात्रा को ‘‘पचा’’ नहीं पा रहे.

भाजपा नेता ने कहा कि ठाकरे ने अतीत में कई बार कहा था कि डॉ. हेडगेवार स्मृति मंदिर एक ऐसी जगह है जहां से प्रेरणा मिलती है.

बावनकुले ने कहा, ‘‘वह सत्ता के लिए गिरगिट से ज्यादा रंग बदलता है.’’ प्रेस वार्ता के दौरान ठाकरे ने कर्नाटक के एक मंत्री के उस बयान पर भी भाजपा की खिंचाई की कि मुंबई को केंद्र शासित प्रदेश घोषित किया जाना चाहिए.

कर्नाटक में विवादित क्षेत्र को केंद्र शासित प्रदेश बनाने के लिए उच्चतम न्यायालय में पुनर्विचार याचिका दायर करने की अपनी मांग को दोहराते हुए उन्होंने कहा, ‘‘मुंबई को तोड़कर इसे केंद्र शासित प्रदेश बनाने की भाजपा की साजिश का उसके मंत्री ने खुलासा कर दिया है.’’ ठाकरे ने महाराष्ट्र के नायकों का ‘‘अपमान’’ करने के लिए राज्यपाल बी.एस. कोश्यारी के इस्तीफे की भी मांग की.

उन्होंने पूछा, ‘‘छत्रपति शिवाजी महाराज, सावित्रीबाई फुले और महात्मा फुले का अपमान करने वाला व्यक्ति पद पर कैसे बना रह सकता है?’’ ठाकरे ने कहा कि मौजूदा शीतकालीन सत्र में सरकार द्वारा विदर्भ के लिए किसी विशेष योजना की घोषणा नहीं की गई, हालांकि क्षेत्र के लोग इसकी उम्मीद कर रहे थे.

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(The above story first appeared on LatestLY on Dec 29, 2022 06:54 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).