देश

Farmers Protest: SAD(D) के प्रमुख Sukhdev Singh Dhindsa ने कृषि कानून के विरोध में पद्म भूषण सम्मान लौटाया

कृषि कानून के खिलाफ देश में किसानों का आंदोलन बढ़ता जा ही रहा है. इसी कड़ी में किसानों का समर्थन कर रहे शिरोमणि अकाली दल (डेमोक्रेटिक) के प्रमुख और राज्यसभा सांसद सुखदेव सिंह ढींढसा ने गुरुवार को केंद्र सरकार द्वारा प्राप्त पद्म भूषण सम्मान को वापस कर दिया है. इस खबर की पुष्टि ANI न्यूज एजेंसी ने की है.

Farmers Protest: SAD(D) के प्रमुख Sukhdev Singh Dhindsa ने कृषि कानून के विरोध में पद्म भूषण सम्मान लौटाया
सुखदेव सिंह ढींढसा (Photo Credits: ANI)

चंडीगढ़, 3 दिसंबर: कृषि कानून के खिलाफ देश में किसानों का आंदोलन बढ़ता जा ही रहा है. इसी कड़ी में किसानों का समर्थन कर रहे शिरोमणि अकाली दल (डेमोक्रेटिक) (Shiromani Akali Dal (Democratic) के प्रमुख और राज्यसभा सांसद सुखदेव सिंह ढींढसा (Sukhdev Singh Dhindsa) ने गुरुवार को केंद्र सरकार द्वारा प्राप्त पद्म भूषण (Padma Bhushan) सम्मान को वापस कर दिया है. इस खबर की पुष्टि ANI न्यूज एजेंसी ने की है.

इससे पहले पंजाब (Punjab) के पूर्व मुख्यमंत्री और अकाली दल के वरिष्ठ नेता प्रकाश सिंह बादल (Former CM Parkash Singh Badal) ने भी कृषि कानूनों के विरोध में अपना पद्म विभूषण सम्मान (Padma Vibhushan) सरकार को वापस लौटा दिया है. रिपोर्ट के मुताबिक प्रकाश सिंह बादल ने पद्म विभूषण सम्मान लौटाते हुए देश के मौजूदा राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को एक पत्र भी लिखा है.

यह भी पढ़ें- Farmers Protest: कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसान आज 12 बजे विज्ञान भवन में केंद्रीय मंत्रियों से फिर करेंगे मुलाकात

इस पत्र के मध्यम से उन्होंने किसान आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा कि किसानों पर की गई कार्रवाई निराश करने वाली है. बता दें कि किसानों से जुड़े तीनों बिलों के विरोध में प्रकाश सिंह बादल की बहू हरसिमरत कौर बादल (Harsimrat Kaur Badal) ने केंद्रीय मंत्री पद से पहले ही इस्तीफा दे दिया है. इतना ही नहीं शिरोमणि अकाली दल ने एनडीए (NDA) से अपना 22 साल पुराना रिश्ता भी तोड़ दिया है.

गौरतलब हो कि पंजाब और हरियाणा के अंदरूनी इलाकों से आए हजारों किसान दिल्ली की सीमाओं पर 26 नवंबर से विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं. वे हरियाणा की सिंघु, टिकरी सीमा और उत्तर प्रदेश के गाजीपुर और चिल्ला सीमाओं पर डेरा डाले हुए हैं. किसानों का साफ कहना है कि अगर बात नहीं बनती है तो उनका आंदोलन और भी तेज हो सकता है. वहीं, कांग्रेस, सपा समेत कई अन्य दलों ने मोदी सरकार की इस मामले में जमकर आलोचना की है.

(The above story first appeared on LatestLY on Dec 03, 2020 04:31 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).