जम्मू-कश्मीर: बारामूला में LoC पर पाकिस्तानी घुसपैठ नाकाम, गोलीबारी में एक भारतीय जवान शहीद

जम्मू-कश्मीर के उरी सेक्टर में नियंत्रण रेखा (LoC) के पास भारतीय और पाकिस्तानी सेना के बीच ज़बरदस्त गोलीबारी हुई है. यह घटना 12 अगस्त की देर रात तब हुई, जब आतंकी पाकिस्तान की तरफ से भारत में घुसपैठ करने की कोशिश कर रहे थे. इस गोलीबारी में हमारा एक बहादुर जवान शहीद हो गया.

पाकिस्तानी सेना कर रही थी आतंकियों की मदद

सेना के सूत्रों के मुताबिक, यह कोई आम घुसपैठ की कोशिश नहीं थी. जब आतंकी LoC पार करने की कोशिश कर रहे थे, तो उन्हें बचाने के लिए पाकिस्तानी सेना अपनी चौकियों से लगातार फायरिंग कर रही थी. आमतौर पर इस तरह की हरकतें पाकिस्तान की बॉर्डर एक्शन टीम (BAT) करती है, जिसे पाकिस्तानी सेना का 'डर्टी ट्रिक्स डिपार्टमेंट' भी कहा जाता है.

भारतीय जवानों ने घुसपैठ की इस कोशिश का मुँहतोड़ जवाब दिया. दोनों तरफ से भारी गोलीबारी हुई, जिसमें हमारा एक जवान गंभीर रूप से घायल हो गया और बाद में देश के लिए सर्वोच्च बलिदान दे दिया. भारतीय सेना की जवाबी कार्रवाई के बाद घुसपैठ की कोशिश तो नाकाम हो गई, लेकिन आतंकी खराब मौसम और अंधेरे का फायदा उठाकर वापस भागने में कामयाब रहे. सेना की तरफ से इस घटना पर आधिकारिक बयान का इंतज़ार है.

'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद पाकिस्तान का पहला बड़ा उकसावा

यह घटना 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद पाकिस्तान की तरफ से पहली बड़ी उकसावे वाली कार्रवाई है. आपको याद होगा कि पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 बेगुनाह लोगों की जान चली गई थी, जिसके जवाब में भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' चलाया था. इसके बाद भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में हवाई हमले किए थे. जवाब में पाकिस्तान ने भी ड्रोन हमले किए थे. काफी तनाव के बाद, पाकिस्तान के अनुरोध पर दोनों देशों के बीच युद्धविराम पर सहमति बनी थी, जिसके बाद से सीमा पर काफी हद तक शांति थी.

पाकिस्तान की परमाणु धमकी और भारत का जवाब

पिछले कुछ महीनों से पाकिस्तानी नेता और सैन्य अधिकारी लगातार भड़काऊ बयान दे रहे हैं. हाल ही में पाकिस्तान के सेना प्रमुख फील्ड मार्शल असीम मुनीर ने अमेरिका में भारत को परमाणु हमले की धमकी दी थी. उन्होंने कहा था कि अगर भारत से युद्ध होता है तो पाकिस्तान "आधी दुनिया" को तबाह कर सकता है.

भारत ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि "परमाणु हथियारों की धमकी देना" पाकिस्तान की पुरानी आदत है. भारत सरकार ने कहा, "अंतरराष्ट्रीय समुदाय खुद समझ सकता है कि ऐसे बयान कितने गैर-जिम्मेदाराना हैं. इससे यह शक और भी गहरा हो जाता है कि उस देश में परमाणु हथियारों का कंट्रोल किसके हाथ में है, जहाँ की सेना आतंकी गुटों से मिली हुई है."

विदेश मंत्रालय ने यह भी साफ कर दिया है कि "भारत ऐसी किसी भी परमाणु ब्लैकमेलिंग के आगे नहीं झुकेगा और अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सभी ज़रूरी कदम उठाता रहेगा."